पशुपालन से SIRSA की मनप्रीत कौर की बदली जिंदगी, सरकारी योजना के सहयोग से शुरू की डेयरी, अब हर माह 12 से 15 हजार रुपये की आय
MAHENDRA INDIA NEWS, NEW DELHI
SIRSA जिला के गांव खुइयांमलकाना की मनप्रीत कौर के लिए पशुपालन एवं डेयरी विभाग की योजना स्वरोजगार का माध्यम बनकर सामने आई है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे परिवार के लिए सरकारी योजना के तहत मिली सहायता ने रोजगार का नया रास्ता खोला। आज मनप्रीत कौर डेयरी के माध्यम से हर महीने 12 से 15 हजार रुपये की आय अर्जित कर रही हैं और परिवार को आत्मनिर्भर बनाने में योगदान दे रही हैं। मनप्रीत कौर ने कक्षा 12 तक शिक्षा ग्रहण की है।
मनप्रीत कौर ने बताया कि परिवार घी, दूध के लिए पशुपालन से जुड़ रहा था और इसे ही आगे बढाना चाहता था। उसे पशुपालन एवं डेयरी विभाग की अनुसूचित जाति के लिए स्वरोजगार योजना के बारे में जानकारी मिली। योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने दो दुधारू पशुओं की इकाई स्थापित करने के लिए आवेदन किया।
उन्होंने बताया कि दो दुधारू पशुओं की इकाई की कुल लागत 1.60 लाख रुपये थी। विभाग की सहायता से उन्हें बैंक से 1.60 लाख रुपये का ऋण दिलाया गया तथा 80 हजार रुपये का अनुदान प्रदान किया गया। अनुदान मिलने के बाद उन्होंने पशु खरीदकर डेयरी का काम शुरू किया।
डेयरी शुरू होने के बाद दूध की बिक्री से उन्हें नियमित आय प्राप्त होने लगी। वर्तमान में पशुपालन के माध्यम से हर महीने 12 से 15 हजार रुपये की आय हो रही है। इस आय से परिवार के घरेलू खर्च में मदद मिल रही है और परिवार आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
मनप्रीत कौर का कहना हैं कि यदि सरकारी मदद नहीं मिलती तो उनके लिए डेयरी इकाई शुरू करना संभव नहीं था। उन्होंने बताया कि योजना के माध्यम से उन्हें न केवल आर्थिक सहायता मिली, बल्कि अपने परिवार के लिए रोजगार का स्थायी साधन भी मिला है। उनके लिए यह योजना स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हुई है।