सभी पेंशनर के लिए कैशलेस मेडिकल सुविधा तुरंत लागू की जाए:  गुरदीप सैनी

 

mahendra india news, 
सिरसा। हरियाणा स्टेट पेंशनर्स समाज सिरसा की मासिक बैठक का आयोजन स्थानीय बरनाला रोड के कॉन्फ्रेंस हॉल में किया गया। बैठक की अध्यक्षता सेवानिवृत प्राचार्य अतुल्य जोशी व डा. तेजेंद्रजीत कौर रिटायर्ड प्रिंसिपल ने संयुक्त रूप से की। इस बैठक में जिला कार्यकारिणी के सभी सदस्य व हरियाणा स्टेट पेंशनर्स समाज सिरसा के सभी सदस्यों ने भाग लिया।

जानकारी देते हुए प्रदेश उप प्रधान गुरदीप सिंह सैनी व जिला अध्यक्ष राजेंद्र मोहन गुप्ता ने बताया कि इस मासिक बैठक में पेंशनर्स की विभिन्न समस्याओं पर विचार-विमर्श किया गया। इस अवसर पर डीसीबी बैंक से आए रितीश चावला, वीरेंद्र शेखावत ने सेवानिवृत्ति कर्मचारी, सीनियर सिटीजन के लिए बैंक द्वारा जारी योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया। बैंक की तरफ  से उपस्थित सभी सेवानिवृत कर्मचारियों को वार्षिक कैलेंडर और पेन देकर सम्मानित किया गया।

मंच संचालन कोषाध्यक्ष राजकुमार खूंगर ने बखूबी किया। इस अवसर पर सुनेश बिश्नोई, बलदेव सिंह, सुभाष चंद्र वर्मा, श्रीराम निरणियां, जगमिंदर सिंह, केवल कृष्ण सोनी, रघुबीर सिंगला, प्रमोद मोहन गौतम, कुलवंत सिंह, इकबाल सिंह, लाल चन्द गोदारा, सोहन सिंह सिद्धू, सुभाष गोयल, सुरेश बांसल, सुभाष मदान, महेंद्र स्वामी, सुशील बागड़ी, जनक राज, रत्न सिंह दुरेजा, डा. राज कुमार निजात, डी एस भांभू, पिंकी गुप्ता उपस्थित थे। बैठक को अतुल्य जोशी व डा. तेजिंदर कौर ने सीनियर सिटीजन के लिए महत्वपूर्ण जानकारी दें। अन्त में जिला अध्यक्ष राजेंद्र मोहन गुप्ता ने सभी पेंशनर्स साथियों का मीटिंग में आने पर आभार व्यक्त किया।
 

ये है कर्मचारियों की मुख्य मांगें:
पेंशनर्स को 65, 70 व 75 वर्ष आयु उपरांत 5 प्रतिशत, 10 प्रतिशत व 15 प्रतिशत पेंशन वृद्धि की जाये,   मेडिकल भत्ता 1000 रुपए से बढ़ाकर 5000 रुपए किया जाये। फेमिली पेंशनर्स को भी एल टी सी का लाभ दिया जाए। कोरोना काल का रोका गया 18 महीने का बकाया ब्याज सहित दिया जाए। सभी बिमारियों के लिए कैशलेस मेडिकल सुविधा तुरंत लागू की जाए।  8वें पे कमीशन में परिवार की परिभाषा में सदस्यों की संख्या तीन के बजाय माता-पिता को शामिल कर 5 सदस्य मानी जाए। सरकारी कर्मचारियों की पेंशन को आयकर से मुक्त किया जाए। कॉम्यूटेशन की राशि 15 वर्ष की बजाय 11 वर्ष में काटी जाए, क्योंकि ब्याज दरें अब 13 प्रतिशत से घटकर 7 प्रतिशत रह गई हंै।