CDLU SIRSA में एनसीसी इकाई के कैडेट्स द्वारा एक फौजी की कहानी नामक नाट्य प्रस्तुति
mahendra india news, new delhi
चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा के युवा कल्याण निदेशालय द्वारा विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रोफेसर विजय कुमार के दिशा निर्देशन में विश्वविद्यालय ऑडिटोरियम में पराक्रम दिवस देशभक्ति और राष्ट्र गौरव के भावों के साथ श्रद्धापूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ नेताजी सुभाष चंद्र बोस एवं मां सरस्वती के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। इसके उपरांत विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत वंदे मातरम् ने सभागार को देशभक्ति के वातावरण से सराबोर कर दिया।
कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय की एनसीसी इकाई के कैडेट्स द्वारा “एक फौजी की कहानी” नामक नाट्य प्रस्तुति ने उपस्थित दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। इस नाट्य के माध्यम से एक सैनिक के जीवन, उसके त्याग, संघर्ष और देश के प्रति समर्पण को अत्यंत प्रभावशाली ढंग से दर्शाया गया। फौजी की शहादत के दृश्य ने देश के लिए कर्ज चुकाने की भावना को जीवंत कर दिया, वहीं साजिद द्वारा प्रस्तुत कहानी सुनकर अनेक दर्शकों की आंखें नम हो गई। इसके पश्चात “कलम आज उनकी जय बोल” प्रख्यात कवि रामधारी सिंह ‘दिनकर’ की ओजपूर्ण कविता का पाठ किया गया, जिसने कार्यक्रम में जोश और चेतना का संचार किया।
कार्यक्रम की अगली कड़ी में सीडीएलयू के छात्र दीपक ने देशभक्ति गीत “है प्रीत जहां की रीत सदा, मैं गीत वहां के गाता हूं” प्रस्तुत कर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। वहीं एमएम कॉलेज, फतेहाबाद के विद्यार्थियों द्वारा नाट्य प्रस्तुति ने भी देशप्रेम और सामाजिक चेतना का सशक्त संदेश दिया। पराक्रम दिवस के इस आयोजन ने युवाओं में राष्ट्रभक्ति, कर्तव्यबोध और बलिदान के मूल्यों को सुदृढ़ किया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षकगण, अधिकारी, एनसीसी कैडेट्स एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
इससे पूर्व संगीत विभाग एवं संस्कृत विभाग के संयुक्त तत्वावधान में बसंत पंचमी के पावन अवसर पर सरस्वती पूजा एवं हवन यज्ञ का आयोजन किया गया। विश्वविद्यालय के शैक्षणिक मामलों के अधिष्ठाता प्रो. सुशील कुमार, संगीत विभागाध्यक्ष डॉ कमलेश रानी, संस्कृत विभागाध्यक्ष डॉ रोहतास, सहित शिक्षकगण एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।