सिरसा जिले के गांव शक्कर मंदोरी में किसान-मजदूरों ने महापंचायत में भरी हूंकार, हरियाणा-राजस्थान के किसान नेताओं ने भरी हुंकार

 

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नाथूसरी चौपटा खंड के गांव शक्कर मंदोरी में सोमवार को किसान मजदूर महापंचायत आयोजित की गई। जिसमें हरियाणा तथा निकटवर्ती प्रदेश राजस्थान के कई किसान नेताओं ने शिरकत की। महापंचायत में मुख्य मुद्दे सेमनाले की सफाई, जल भराव की समस्या, और फसल खराबे का मुआवजा को किसान मजदूर महापंचायत में उठाया गया। शक्करमंदौरी व शाहपुरिया के किसानों द्वारा आयोजित इस महापंचायत में भादरा के पूर्व विधायक कामरेड बलवान पूनिया, किसान नेता कामरेड मंगेज चौधरी, किसान नेता संदीप धीरणवास, सरपंच संतोष बेनीवाल, सरपंच रिटा कासनियां, प्रहलाद सिंह भारूखेड़ा, कामरेड सुरजीत सिंह, सुरेश ढ़ाका सहित स्थानीय किसान नेता पहुंचे। 


महापंचायत में किसान नेता रवि आजाद की पत्नी मंजू आजाद ने विशेष रूप से शिरकत की। भादरा के पूर्व विधायक बलवान पूनियां ने कहा कि सरकार किसानों की समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दे रही है। सभी को एकजुट होकर लड़ाई लड़नी पडेÞगी। इनेलो नेत्री सुनैना चौटाला ने कहा कि समय रहते हुए सेमनाले की सफाई की जाए व फसल खराब हुई है उसका मुआवजा भी दिया जाए। मंजू आजाद ने कहा कि यह किसान-मजदूरों को अपने हक के लिए इक_े होकर संघर्ष करना होगा। सरपंच संतोष बैनीवाल ने कहा कि सेमनाले की समस्या हर साल बारिश के मौसम में गंभीर बन जाती है जिससे गांवों के डूबने का खतरा बना रहता है। इस दौरान 3 जून को ओटू हेड पर एक किसान महा पंचायत का आयोजन किया जाएगा जिसके लिए सभी किसानों-मजदूरों को निमंत्रण दिया गया।


जानकारी देते हुए किसान नेता दीवान सहारण ने बताया कि नाथूसरी चोपटा क्षेत्र के करीब 20 गांवों में सेम की समस्या गंभीर बनी हुई है और यह समस्या तब और गंभीर हो जाती है जब बारिश के मौसम में सेम नाले का पानी ओवरफ्लो होने लगता है। उन्होंने कहा कि उस समय फसलें पानी में डूब जाती है और किसान की मेहनत बेकार हो जाती है। यह कहानी एक दो नहीं बल्कि हर साल दोहराई जाती है। लेकिन सरकार प्रशासन द्वारा समय रहते कोई उपाय नहीं किए जाते। इसी को लेकर चोपटा क्षेत्र के गांव शक्कर मंदोरी के मेन चौक में किसान मजदूर महापंचायत रखी गई। 


मीटिंग में हरियाणा और राजस्थान के किसान नेताओं ने हुंकार भरी। इस अवसर पर किसान नेताओं ने सरकार से मांग की कि अभी बारिश का मौसम काफी दूर है और समय रहते सेमनाले की सफाई व्यवस्था और पिछ्ले साल जल भराव से खराब हुई फसलों का मुआवजा दिया जाए। इस अवसर पर जगदीश चाडीवाल, राजेंद्र औलख, नैन्सी औलख, संदीप कासनियां, रोहताश पूनियां, मुकेश चाहरवाला, गुरदत कंबोज, हरजिंद्र सिंह, राजेंद्र बालासर, ओमप्रकाश डूडी, दयाराम सहारण, अरविंद रायपुर, बलराम सहारण सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।