SIRSA में स्वर्णकार समाज ने उकलाना नगर परिषद की चेयरपर्सन रीमा सोनी का किया जोरदार स्वागत
Mahendra india news, new delhi
सिरसा। शहर के गली गोलछा वाली में प्रदेश युवा महामंत्री स्वर्णकार समाज राजेश सोनी के प्रतिष्ठान पर उकलाना नगर परिषद की चेयरपर्सन बनी स्वर्णकार समाज की बेटी रीमा सोनी व उनके पिता महेंद्र ढल्ला पूर्व पार्षद उकलाना का स्वर्णकार समाज द्वारा जोरदार स्वागत किया गया। समस्त स्वर्णकार समाज की ओर से सर्वप्रथम सम्मानसूचक पगड़ी पहनाकर रीमा सोनी व उनके पिता महेंद्र ढल्ला को सम्मानित किया गया।
स्वर्णकार समाज सेवा संघ 2601 के मुख्य सलाहकार एवं जिला प्रभारी सिरसा सुखविंद्र सोनी ने बताया कि रीमा सोनी की जीत एक निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर ऐतिहासिक जीत है। इस जीत ने रीमा व उनके पिता महेंद्र सोनी पूर्व पार्षद की लोकप्रियता पर मुहर लगाई है। उन्होंने कहा कि रीमा सोनी की जीत से समाज के युवाओं को प्रेरणा लेकर राजनीतिक क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए। सुखविंद्र सोनी ने कहा कि जनसंख्या अनुपात के अनुसार समाज की राजनीति में भागीदारी जरूरी है। क्योंकि राजनीति में भागीदारी होगी, तभी समाज को उसका प्रतिनिधित्व मिलेगा और समाज अपने अधिकार प्राप्त कर सकेगा। रीमा सोनी की तरह समाज के युवाओं को राजनीतिक क्षेत्र में आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा कि समस्त स्वर्णकार समाज अब एकजुट हो चुका है और अपने अधिकारों को लेकर पूरी तरह सजग है।
इस मौके पर राजकुमार जिला प्रधान, महेंद्र कुमार राष्टÑीय कार्यकारी सदस्य, मदनलाल जोड़ा वरिष्ठ जिलाउपप्रधान, तहसील प्रधान संतपाल, किशोर सोनी, विक्रम सोनी, विशाल ढल्ला महासचिव, फकीर चंद, ओमप्रकाश डावर, कस्तूर इंसां, सुरेश नारनौली, सुरेंद्र झींगा, सुरेंद्र कुमार, शिव कुमार, सुभाष सोनी, सेवानिवृत्त लेक्चरार सुभाष वर्मा, संजय रिसालियाखेड़ा, शंकर भूण, संतोष नरूला, पवन सोनी, सुंदर सोनी सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित थे।
पिता की सेवा से मिला बेटी को ग्राऊंड:
स्वागत से गद्गद् रीमा सोनी ने कहा कि उकलाना से उसके पिता महेंद्र ढल्ला पूर्व में दो से तीन बार पार्षद रह चुके हैं। उनके पिता महेंद्र ढल्ला ने अपने कार्यकाल के दौरान वार्डवासियों की खूब सेवा की। जो भी उनके दर पर अपने कार्य के लिए आया, उसे कभी खाली हाथ व निराश नहीं जाने दिया और हर संभव कार्य करवाए। सोनी ने कहा कि पिता की सेवा का ही परिणाम रहा कि उकलानावासियों ने निकाय चुनावों में दिल खोलकर सहयोग किया, जिसके कारण उसे इतनी कम उम्र में सेवा का मौका मिला। रीमा सोनी ने कहा कि पिता के पदचिन्हों पर चलते हुए वह समस्त उकलानावासियों को साथ लेकर कार्य करेंगी और शिकायत का कोई मौका नहीं देंगी।