Kidney Stone: किडनी स्टोन को जड़ से खत्म करना है तो अपनाएं ये 4 आयुर्वेदिक नुस्खे, बॉडी से बाहर होगी स्टोन
आज के समय सेहत पर ध्यान देना बहुत ही जरूरी हो गया है। इसके लिए सबसे जरूरी है खानपान। क्योंकि आजकल गलत खाने-पीने की आदतों के कारण से किडनी में पथरी/ स्टोन होना एक आम समस्या बन गई है। बता दें कि इसका सबसे बड़ा कारण है कम पानी पीना। इसके अलावा बॉडी में कैल्शियम, यूरिक एसिड या ऑक्सलेट जैसी वस्तु अधिक बन जाती हैं, तो वो मिलकर पथरी बना देती हैं। लेकिन चिंता की बात नहीं है। आयुर्वेद में कुछ ऐसी देसी जड़ी-बूटियां और घरेलू नुक्से हैं, जो किडनी स्टोन को बिना सर्जरी के धीरे-धीरे गलाकर बॉडी से बाहर निकाल सकते हैं।
जानिए इन आसान और असरदार उपायों के बारे में।
ये होते हैं किडनी स्टोन के लक्षण
किडनी स्टोन होने पर बॉडी कई तरह के संकेत देने लगता है, जिनमें शामिल हैं।
जब पेशाब के दौरान तेज जलन और दर्द
इसी के साथ मतली और उल्टी
पेशाब में खून आना
बार-बार पेशाब की इच्छा होना लेकिन पेशाब का रुक कर आना
ये हैं आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियां जो दिला सकती हैं राहत
पत्थरचट्टा जो इसका पौधा पथरी को तोड़ने की शक्ति रखता है। इसके 3-4 पत्तों को पीसकर सुबह खाली पेट सेवन करें, इससे पथरी घुलने लगती है। ये सूजन कम करता है।
कुल्थी दाल
आपको बता दें कि कुल्थी दाल किडनी स्टोन में बहुत ही फायदेमंद मानी जाती है। इसे रात्रि भर भिगोकर रख दें। इसके बाद इसे सुबह ये पानी खाली पेट पिएं। इसी के साथ ही चाहें तो इसका सूप बनाकर भी लिया जा सकता है। यह दाल पेशाब को साफ करने और स्टोन को बाहर निकालने में सहायता करती है।
तुलसी
इसी के साथ ही तुलसी न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि इसके औषधीय गुण भी अनगिनत हैं। तुलसी के पांच से सात ताजे पत्ते प्रतिदिन सुबह के समय चबाकर खाने से किडनी को ताकत मिलती है और स्टोन को बाहर निकालने में मदद करती है। इससे दर्द और सूजन में भी राहत मिलती है।
गोखरू (
गोखरू इसे देसी भाषा भाकड़ी भी कहते हैं, गोखरू एक पारंपरिक आयुर्वेदिक औषधि है, जो पेशाब संबंधी परेशानी को और पथरी से राहत दिलाने में सही मानी जाती है। 1-2 चम्मच गोखरू को एक कप पानी में उबालें जब तक यह आधा रह जाए। इसके बाद इसे ठंडा करके प्रतिदिन इसका सेवन करें। इससे पथरी छोटे-छोटे टुकड़ों में टूटकर बाहर निकलने लगती है।