गीता का संदेश हर एक व्यक्ति के लिए समान रूप से उपयोगी: पूर्व सांसद सुनीता दुग्गल
Mahendra india news, new delhi
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव-2025 के जिला स्तरीय समारोह की शनिवार को हवन यज्ञ व मंत्रोच्चारण के साथ शुरूआत हुई। चौ. देवीलाल विश्वविद्यालय के मल्टीपर्पज हॉल में आयोजित चार दिवसीय महोत्सव के दूसरे दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रही। मुख्यमंत्री के पूर्व राजनीतिक सलाहकार जगदीश चोपड़ा व पूर्व सांसद सुनीता दुग्गल ने समारोह में विभागों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का अवलोकन किया। उन्होंने आह्वान किया कि राज्य सरकार द्वारा जनहित में चलाई जा रही योजनाओं की विस्तृत जानकारी आमजन को उपलब्ध हो ताकि वे इन योजनाओं का लाभ उठा सके। समारोह में नगर परिषद सिरसा के चेयरमैन शांति स्वरूप भी विशेष रूप से मौजूद रहे। कार्यक्रम के नोडल अधिकारी एवं जिला परिषद के सीईओ डा. सुभाष चंद्र ने आए हुए सभी अतिथियों का स्वागत किया।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के पूर्व राजनीतिक सलाहकार जगदीश चोपड़ा ने कहा कि हरियाणा की इस पावन धरती पर भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया था। गीता का यह संदेश केवल हरियाणा या हिंदुस्तान के लिए ही नहीं, बल्कि समस्त विश्व और पूरे ब्रह्मांड के लिए एक अद्वितीय और अमूल्य है। यह ऐसा ब्रह्मसूत्र है कि यदि हम उसके एक अंश मात्र को भी अपने जीवन में धारण कर लें, तो हमारा जीवन इस धरती पर स्वर्ग के समान हो सकता है। उन्होंने कहा कि गीता का मूल संदेश केवल कर्म करना है। कर्म से ही भविष्य बनता है, कर्म से ही भाग्य का निर्माण होता है और कर्म से ही संपूर्ण सृष्टि का संचालन होता है। उन्होंने कहा कि यदि हम इस कर्मयोग की विधि को अपने जीवन की धरोहर बना लें, तो न केवल हम अपना जीवन सफल बना सकते हैं, बल्कि सामाजिक जीवन में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए संपूर्ण सृष्टि में अपना अद्वितीय योगदान भी दे सकते हैं।
वहीं पूर्व सांसद सुनीता दुग्गल ने कहा कि गीता केवल भारतवर्ष के लिए ही नहीं बल्कि संपूर्ण मानव जाति के लिए मार्गदर्शक है। यह ग्रंथ हमें बताता है कि इस धरती पर जन्म लेने के बाद से लेकर अंतिम समय तक हमें किस प्रकार अपना जीवन जीना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस रंग-बिरंगी दुनिया में हर व्यक्ति अलग-अलग किरदार निभा रहा है, कोई डॉक्टर है, कोई इंजीनियर, कोई अधिकारी, कोई चित्रकार, कोई संगीतकार। हर व्यक्ति का अपना विशेष योगदान है और अद्भुत बात यह है कि गीता का संदेश हर एक व्यक्ति के लिए समान रूप से उपयोगी है। जब जीवन की भागदौड़ में हम उलझन या कमजोरी महसूस करते हैं, तब गीता हमें शक्ति, स्थिरता और मार्गदर्शन प्रदान करती है।
उन्होंने कहा कि श्रीमद् भगवद् गीता का मूलभाव है कि परिणाम की चिंता किए बिना अपना कर्म करते रहो। जो भी फल मिलेगा, वह कल्याणकारी ही होगा, क्योंकि परमपिता परमात्मा ने हमें सृष्टि में अच्छे उद्देश्य से भेजा है। उन्होंने कहा कि गीता जयंती के उपलक्ष्य में चार दिनों तक भव्य कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, प्रतियोगिताएं, शोभायात्राएं, जिनके माध्यम से गीता को निकटता से समझने का अवसर मिलता है।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए स्कूली बच्चों ने समां बांधा:
सांस्कृतिक कार्यक्रम की शुरुआत स्वागत गीत से हुई। इसके उपरांत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नाथूसरी चौपटा के बच्चों ने कृष्ण लीला नृत्य ‘मैं कृष्ण हूं’, गीता वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय शाहपुर बेगू के बच्चों ने कॉरियरोग्राफी ‘जो है अलबेला’, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सिकंदरपुर के बच्चों ने श्याम भजन ‘कृष्ण कन्हैया’, गुरु नानक हाई स्कूल सिरसा की टीम ने कृष्ण बाल लीला ‘नंद के आनंद भयो’ के बच्चों ने महारास प्रस्तुत करके दर्शकों का मनमोहा। इस अवसर पर जीया गीता परिवार से बहनों ने सकंल्प गीत व कृष्णा आर्ट ग्रुप ने श्री कृष्ण राधा पर शानदार नृत्य प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में वन विभाग, शिक्षा विभाग द्वारा बनाए गए सेल्फ प्वाइंट भी आकर्षण का केंद्र रहे।
विभागीय स्टॉलों पर उमड़ी लोगों की भीड़, 22 विभागों ने स्टॉलों के माध्यम से दी योजनाओं की जानकारी
महोत्सव में 22 विभागों द्वारा स्टॉलों के माध्यम से आमजन को योजनाओं की जानकारी दी जा रही है। इस अवसर पर यातायात पुलिस, जिला ग्रामीण विकास एजैन्सी, जन स्वास्थ्य विभाग, जिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, स्वास्थ्य विभाग, जिला उद्योग केन्द्र, उद्यान विभाग, वन विभाग, शिक्षा विभाग, मत्स्य विभाग, वीटा मिल्क प्लांट, महिला एवं बाल विकास विभाग, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, बिजली निगम, समाज कल्याण विभाग, अग्रणी जिला प्रबंधक, खेल विभाग, रेडक्रॉस सोसायटी, आयुष विभाग, रोजगार विभाग, अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग आदि द्वारा स्टॉले लगाई गई है।
महोत्सव में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय से हनुमान प्रसाद ने श्रीमद्भगवद् गीता की शिक्षाओं पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम में मंच संचालन सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग से अधीक्षक मक्खन सिंह व हिंदी प्रवक्ता चिमन भारतीय ने किया। कार्यक्रम के अंत में सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले स्कूली बच्चों, मुख्य वक्ता और प्रतियोगिता के विजेताओं को सम्मानित भी किया गया। दिव्य ज्योति जागृति संस्थान से बहन साध्वी पूजा भारती व साध्वी पूषा भारती ने श्रीमद्भगवद् गीता की आरती की।
रविवार को निकाली जाएगी गीता सद्भावना यात्रा
जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी राम नाथ ने बताया कि महोत्सव के तीसरे दिन दोपहर 1 बजे स्थानीय नेहरू पार्क से शहर की सामाजिक व धार्मिक संस्थाओं के सहयोग से भव्य गीता सद्भावना यात्रा निकाली जाएगी। यह यात्रा शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए सीडीएलयू के मल्टीपर्पज हॉल में संपन्न होगी। शोभा यात्रा का शहरवासियों द्वारा जगह-जगह स्वागत किया जाएगा, फूल बरसाए जाएंगे, गीता के श्लोकों का उच्चारण किया जाएगा। यात्रा के दौरान प्रशाद वितरण भी किया जाएगा।
ये रहे मौजूद
समारोह में जिला रेडक्रॉस सोसायटी के सचिव लाल बहादुर बैनीवाल, डीएसडब्ल्यूओ सत्यवान ढिलोड, उप जिला शिक्षा अधिकारी विनोद श्योराण, सतबीर सिंह, एओ प्रेम कुमार, तहसील कल्याण अधिकारी श्रवण कुमार, राजेश कुमार, सीमा गिल, सदीव सिंह, पार्षद सुमन शर्मा, जसविंदर पिंकी, संदीप चौधरी, पार्षद संदीप मेहता, हर्षद, विनोद, लेखराज सचदेवा, लखविंदर सिंह, राजीव अरोड़ा, राकेश दूआ, संस्कृत प्रवक्ता हरिओम भारद्वाज, राज शास्त्री, उषा कंबोज, आशु सहित जिला प्रशासन के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे।