CDLU SIRSA में राष्ट्रीय संगोष्ठी भारतीय भाषा परिवार सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा

 
mahendra india news, new delhi

चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा के मानविकी संकाय द्वारा भारतीय भाषाओं की एकता, संरचना और सांस्कृतिक विरासत पर केंद्रित राष्ट्रीय संगोष्ठी भारतीय भाषा परिवार सम्मेलन का आयोजन आगामी 2–3 दिसंबर 2025 को विश्वविद्यालय के टैगोर भवन एक्सटेंशन में किया जाएगा। यह कार्यक्रम भारतीय भाषा समिति, शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से आयोजित हो रहा है।


मानविकी संकाय के डीन प्रो. पंकज शर्मा ने बताया कि विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. विजय कुमार के दिशा निर्देशन में इस सेमिनार का आयोजन हिंदी, पंजाबी संस्कृत तथा अंग्रेजी एवं विदेशी भाषा विभाग मिल कर, मानविकी संकाय के तत्वाधान में कर रहे हैं। इसके कोऑर्डिनेटर प्रो. उमेद सिंह रहेंगे। उन्होंने बताया कि भारतीय भाषा समिति, शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के एकेडमिक कोऑर्डिनेटर प्रो. सुशील के शर्मा इस सम्मेलन के राष्ट्रीय संयोजक है और विश्वविद्यालय के अंग्रेजी एंड फॉरेन लैंग्वेजेज विभाग की प्रो. अनु शुक्ला स्थानीय संयोजक है।


उन्होंने बताया कि दो दिवसीय सम्मेलन का उद्देश्य भारतीय भाषाओं के बीच अंतर्संबंध, भाषाई एकता तथा भारतीय ज्ञान परंपरा को नए दृष्टिकोण से स्थापित करना है। सम्मेलन में विशेष रूप से दो महत्वपूर्ण शोधग्रंथों भारतीय भाषा परिवार: ए न्यू फ्रेमवर्क इन लिंग्विस्टिक्स (Bharatiya Bhasha Pariwar: A New Framework in Linguistics) तथा कॉलेक्टेड स्टडीज ऑन भारतीय भाषा परिवार: पर्सपेक्टिव्स एंड हॉरिज़ोन्स (Collected Studies on Bharatiya Bhasha Pariwar: Perspectives and Horizons) पर व्यापक विमर्श होगा। उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन भारतीय भाषाओं के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, मातृभाषा-आधारित बहुभाषी शिक्षा, भाषाई समानताओं, अनुवाद अध्ययन, डिजिटल ह्यूमेनिटीज़ और भाषा नीति जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर गहन अकादमिक चर्चा का मंच प्रदान करेगा।

उन्होंने कहा कि सम्मेलन में देशभर के भाषाविद, शिक्षाविद, शोधकर्ता, अनुवाद विशेषज्ञ, संज्ञानात्मक विज्ञान एवं मानवशास्त्र के विद्वान, सांस्कृतिक संस्थानों के प्रतिनिधि तथा भारतीय भाषाओं में अध्ययनरत विद्यार्थी भाग लेंगे। सम्मेलन में शिक्षकों, शोधार्थियों और स्वतंत्र विद्वानों से संबंधित विषयों पर मौलिक शोध-पत्र भी आमंत्रित किए गए हैं, जिनकी प्रस्तुति अंग्रेज़ी, हिंदी, पंजाबी और संस्कृत में की जा सकेगी।


कार्यक्रम में पंजीकरण पूर्णतः निःशुल्क रखा गया है और प्रतिभागी गूगल फ़ॉर्म के माध्यम से या कार्यक्रम स्थल पर सीधे पंजीकरण कर सकेंगे। सभी प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए जाएंगे। सम्मेलन से प्राप्त होने वाले निष्कर्षों में भारतीय भाषा परिवार पर आधारित शोध का प्रचार-प्रसार, विशेषज्ञ चर्चाओं के संकलित विश्लेषण तैयार करना, अंतर्विषयी शोध-सहयोग का विस्तार और भारतीय भाषाओं के वैज्ञानिक तथा सांस्कृतिक पक्षों को राष्ट्रीय स्तर पर नई गति प्रदान करना शामिल है। सम्मेलन के समन्वयक प्रो. पंकज शर्मा ने उम्मीद जताई कि यह आयोजन भारतीय भाषाओं पर केंद्रित राष्ट्रीय विमर्श को और सुदृढ़ करेगा।