एसकेएम गैर राजनीतिक मोर्चे ने किसान आंदोलन पार्ट-2 के खनौरी मोर्चे पर शहीद हुए शुभकरण सिंह को गांव बल्लों में दी श्रद्धांजलि: लखविंदर सिंह औलख
SKM non-political front pays tribute to Shubkaran Singh, martyred at Khanauri Morcha of Kisan Andolan Part-2, in village Ballon: Lakhwinder Singh Aulakh
mahendra india news. new delhi
सिरसा। बीकेई प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख ने जानकारी देते हुए बताया कि आज एसकेएम गैर राजनीतिक से इंद्रजीत सिंह कोटबुढा, सुखजीत सिंह हरदोझंडे, गुरिंदर सिंह भंगू, मंगल सिंह संधू, हीरा सिंह ने किसान आंदोलन पार्ट-2 में खनौरी बॉर्डर पर 21 फरवरी 2024 को हरियाणा सरकार की गोली से शहीद हुए सरदार शुभकरन सिंह के गांव बल्लों जाकर उसे श्रद्धांजलि दी और उसके घर जाकर शहीद शुभकरन सिंह के पिता चरणजीत सिंह व उसके परिवार से मिले।
औलख ने कहा कि वह किसानों मजदूरों की मानी हुई मांगों (जिसमें एमएसपी खरीद गारंटी कानून, स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश सी2+50 प्रतिशत के तहत फसलों के भाव, किसानों मजदूरों की संपूर्ण कर्जा माफी, किसान आंदोलन पार्ट-1 की बकाया मांगों को लागू करवाने के लिए दिल्ली जा रहे थे, जिन्हें शंभू, खनौरी व रतनपुर बॉर्डर पर ही रोक लिया गया और हरियाणा की भाजपा सरकार द्वारा उन पर जुल्मों की सभी हदें पार करते हुए आंसू गैस के गोले, जहरीली कैमिकल गैसें, मोर्टार इंजेक्टर तथा सीधी गोलियां चलाई गई। सरकार द्वारा किसानों पर किए गए हमले में कई किसानों की आंखें चली गई, कई गंभीर रूप से जख्मी हुए।
इस दौरान शुभकरन सिंह सरकार की गोली का शिकार हुआ। 401 दिनों तक चले किसान आंदोलन भाग-2 में 47 किसानों की जान चली गई और 450 के करीब घायल हुए। औलख ने कहा कि शुभकरन सिंह सहित किसान आंदोलनों में शहीद हुए किसानों की कुर्बानी हमेशा याद रखी जाएगी। उनके अधूरे सपनों और मांगों को पूरा करवाने के लिए संघर्ष जारी रहेगा। यही उन शहीदों को सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
किसान नेताओं ने कहा कि बीजेपी की बी टीम पंजाब की भगवंत मान सरकार अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण संघर्ष कर रहे किसानों मजदूरों पर दिन-प्रतिदिन अत्याचार कर रही है। शंभू व खनौरी मोर्चे पर बल प्रयोग करते हुए उसे खदेड़ा गया। पुलिस द्वारा वहां ट्रालियों सहित किसानों का सामान चोरी किया गया। इस मौके पर सुच्चा सिंह लद्दू, मुख्तार सिंह, अंग्रेज सिंह, गुरविंदर सिंह, विक्रमजीत सिंह, जगजीत सिंह सोही, निशांत सिंह भुल्लर, रणजीत सिंह भुल्लर मौजूद रहे।