सोशल मीडिया के आ जाने से रोजगार के अनेक अवसर सृजित हुए.;कुलगुरु प्रो. विजय कुमार
पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के विद्यार्थियों को अपना लक्ष्य निर्धारित करके जीवन में आगे बढ़ना चाहिए। सोशल मीडिया के आ
जाने से रोजगार के अनेक अवसर सृजित हुए है। विद्यार्थियों की जिम्मेदारी बनती है कि वे भारतीय संस्कृति एवं परंपराओं का विश्व भर में विस्तार करने के लिए गहनता से अध्ययन करे एवं तथ्य पर आधारित बात सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर डाले।
ये विचार चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा के कुलगुरु प्रो. विजय कुमार ने पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग तथा पब्लिक मीडिया टेक फाउंडेशन नई दिल्ली के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित दो दिवसीय स्टूडेंट क्रिएटर वर्कशॉप के समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोलते हुए व्यक्त किए। उन्होंने सभी आयोजकों एवं प्रतिभागियों को बधाई दी और विद्यार्थियों को सचेत करते हुए कहा कि किसी भी जानकारी को तथ्यों की पुष्टि के बिना आगे न बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि समय बदल रहा है, लेकिन राष्ट्र के प्रति तर्कसंगत एवं जिम्मेदार दृष्टिकोण रखना आवश्यक है तथा सभी को जागरूक नागरिक बनना चाहिए।
इस समारोह की विशिष्ट अतिथि श्री विश्वकर्मा विश्वविद्यालय, पलवल के इंडस्ट्री रिलेशंस एवं एलुमनाई अफेयर्स की निदेशक चंचल भारद्वाज ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि डिजिटल युग में सोशल मीडिया का प्रभाव अत्यधिक बढ़ चुका है और स्टोरी टेलिंग इसकी महत्वपूर्ण कला है। क्या करना है और क्या नहीं करना है, यह समझना बेहद आवश्यक है। स्टोरी टेलिंग में नॉइज़ और मीनिंग दोनों होते हैं, इसलिए कंटेंट को सार्थक और प्रभावी बनाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि अपनी अलग पहचान बनाने के लिए विभिन्न माध्यमों का सही उपयोग करना चाहिए तथा व्यवहार और व्यक्तित्व में भी अपनी विशिष्टता बनाए रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया प्रोफाइल स्पष्ट और जिम्मेदार होनी चाहिए। साथ ही, उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग सावधानीपूर्वक करने का संदेश दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ हुई। विभाग के अध्यक्ष प्रो. सेवा सिंह बाजवा ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया जबकि विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अमित ने स्वागत भाषण देकर अतिथियों एवं प्रतिभागियों का अभिनंदन किया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों नगिता, अनमोल, आंचल एवं कोमल ने अपने अनुभव साझा करते हुए वर्कशॉप को उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक बताया। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। मंच संचालन डॉ. टिम्सी मेहता द्वारा किया गया। इस अवसर पर डॉ. रविंद्र, डॉ. विकास, डॉ. कृष्ण सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।