सिरसा में प्रदेश कांग्रेस ओबीसी विभाग के चेयरमैन व विधायक चंद्रप्रकाश को विश्वकर्मा समाज ने किया सम्मानित

 

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 विधायक चंद्रप्रकाश के प्रदेश कांग्रेस ओबीसी विभाग के चेयरमैन मनोनीत होने के उपलक्ष्य में सम्मान समारोह एवं नागरिक अभिनंदन समारोह का आयोजन धूमधाम से किया गया। सिरसा की काठ मंडी स्थित विश्वकर्मा धर्मशाला में विश्वकर्मा समाज द्वारा आयोजित इस समारोह में विधायक चंद्रप्रकाश को पगड़ी, शॉल व फूल मालाएं पहनाकर और स्मृति चिन्ह प्रदान करके सम्मानित किया गया। सम्मान समारोह में कार्यक्रम संयोजक विश्वकर्मा सभा के जिलाध्यक्ष राकेश सुथार, गोगामेड़ी की विश्वकर्मा धर्मशाला के प्रधान भादर सुथार, वरिष्ठ समाजसेवी सोहनलाल लदोईया, जगदीश श्याल व मनोज जांगड़ा विशेष रूप से मौजूद रहे।

इस अवसर पर कांग्रेस ओबीसी विभाग के चेयरमैन चंद्रप्रकाश ने मान-सम्मान के लिए विश्वकर्मा समाज का आभार जताया। उन्होंने कहा कि समारोह में जो अपनापन व स्नेह मिला है वे उसे कभी भुला नहीं पाएंगे। उन्होंने कहा कि ओबीसी समाज अत्यंत मेहनतकश है लेकिन आबादी के अनुसार प्रतिनिधित्व नहीं मिल पाया है। इसलिए सामाजिक न्याय व समान भागीदारी के लिए हम सभी को एकजुट होकर लड़ाई लड़नी होगी। उन्होंने कहा कि पिछड़े वर्गों के लिए जनकल्याणकारी योजनाएं बनाने के लिए सही ढंग से जातीय जनगणना की नितांत आवश्यकता है, लेकिन जनगणना फॉर्म में ओबीसी के कॉलम का प्रावधान ही नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि इसलिए जातिगत जनगणना की मांग को लेकर व्यापक स्तर पर प्रदेशभर में ओबीसी हक हुंकार अभियान चल रहा है।

विधायक चंद्रप्रकाश ने आपसी भाईचारा व सामाजिक एकजुटता बनाए रखने का संदेश देते हुए अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जनसंख्या के अनुपात में उचित भागीदारी व अवसर मिलना जरूरी है। उन्होंने कहा कि वंचित, पिछड़े व हाशिए पर खड़े समुदायों को आबादी के अनुपात में अधिकार और प्रतिनिधित्व मिलने से ही उनका विकास होगा। समारोह के दौरान वक्ताओं ने विधायक चंद्रप्रकाश को प्रदेश कांग्रेस ओबीसी विभाग की जिम्मेदारी बखूबी निभाने के लिए बधाई दी। उन्होंने चंद्रप्रकाश के व्यवहार, कार्यशैली व रचनात्मक विचारधारा की प्रशंसा भी की।

सम्मान समारोह में विभिन्न क्षेत्रों से काफी संख्या में विश्वकर्मा समाज से जुड़े साथियों ने हिस्सा लिया। राजेंद्र सिंह जांगड़ा, मनोज कुमार धामू सुथार, सरदार जितेंद्र सिंह, आदराम सुथार, प्रधान राकेश सुथार, अमीलाल सुथार, रवि कुमार जांगड़ा, सरपंच सुरेंद्र कुमार सुथार, साहबराम जांगड़ा, राजकुमार रोहलीवाल, सूरज जांगड़ा, जोगिंद्र सिंह, कालूराम सुथार, भूपसिंह एडवोकेट, हनुमान सुथार, पूर्व सरपंच अश्विनी सुथार, पूर्व सरपंच शीशपाल सुथार, महेंद्र सिंह राजोतिया, राजेंद्र सुथार, रतिराम सुथार, दिनेश जांगड़ा, शेर सिंह जांगड़ा, मनीराम रोसावा, बलवीर नम्बरदार भारुखेड़ा, बृजलाल बुढ़ल व रामस्वरूप जांगड़ा मौजूद रहे।