नाथूसरी कलां में गेहूं के भूसे में लगी आग, ग्रामीण बोले दमकल विभाग का बंद मिला फोन
नाथूसरी चौपटा क्षेत्र के गांव नाथूसरी कलां में मंगलवार सुबह गेहूं के भूसे में अचानक आग लग गई। हवा के कारण आग तेजी से आगे बढऩे लगी और देखते ही देखते 20 एकड़ को अपनी चपेट में ले लिया और खेतों में 4 तूड़ी के ढेर जिससे किसानों ने पशुओं के चारे के लिए इक्कठा किया था जलकर राख हो गई। आग लगने की सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंच गये।
ग्रामीणों ने तूरंत इसकी सूचना दमकल विभाग को लेकिन उनका फोन बंद आ रहा था। उसके बाद लोगों ने डायल 112 को इसकी सूचना दी। जब डायल 112 की टीम ने दमकल विभाग से बातचीत की तो पता चला की कर्मचारी आज हड़ताल पर है जिसके कारण दामकल की गाडय़िां नहीं पहुंच सकती। इसके बाद ग्रामीणों ने अपने स्तर पर आग पर काबू पाने का प्रयास किया तब तक आग ने 20 एकड़ को अपनी चपेट में ले लिया।
जानकारी के अनुसार मंगलवार सुबह करीबन 9 बजे नाथूसरी कंला के किसान सुशील कस्वां, राजवीर जांगड़ा, राजेंद्र जांगड़ा जगदीश, सतवीर कासनियां खेतों में पड़े गेहूं के भूसे में अचानक आग लग गई। इसके बाद आग की लपटे तेजी से फैलने लगी। जिसके कारण पास के खेतों में पशुओं के चारे के लिए इक्कठे किए गए तूड़ी के 4 ढरों को भी अपनी चपेट में ले लिया। साथ में पास के 10 एकड़ में मशीने से तूड़ी बनाने के लिए सूखा भूसा रखा थो वो भी जलकर राख हो गया।
ग्रामीणों ने आग लगने की सूचना फायर ब्रिगेड विभाग को देने के लिए फोन किया लेकिन उनका फोन बंद आ रहा था। फायर बिर्गेड़ से संपर्क न होने के कारन ग्रामीण आग को काबू करने के लिए प्रयास करने लगे। ग्रामीणों ने बड़ी मश्कत के बाद आग पर काबू पाया है। किसानों ने बताया कि आग अभी तक पूरी तर बूझी नहीं है, तूड़ी के ढरों में अभी भी धूंआ उठ रहा है। किसानों ने प्रशासन से अपिल की है कि अब भी आग पर काबू कर ले वरना अगर कोई हवा को झोंका आएगा तो फिर पास के खेतों में रखे भूसे में आग लगने का डर है।