उपचार में बेहद कारगर साबित हो रही है इलैक्ट्रोहोम्योपैथी दवाएं: डा. संजीव शर्मा
MAHENDRA INDIA NEWS, NEW DELHI
चंबा में आयोजित कान्फ्रेंस में शामिल देश के विभिन्न राज्यों से आए चिकित्सकों ने तीसरे दिन खज्जियार रेंज में जाकर वनौषधियों की जमीनी हकीकत को जानने का प्रयास किया। जबकि इनसे तैयार होने वाली दवाओं की प्रयोगशाला में तमाम बारीकियों को समझा। संस्थान के निदेशक डा. संजीव शर्मा ने प्रतिभागियों को हर एक पहलू से अवगत करवाया और बताया कि ये शोध कार्य विगत तीन दशकों से जारी है। यहां से हर्बल दवाएं तैयार करने के बाद देश के विभिन्न हिस्सों में आमजन को उपलब्ध कराई जा रही है।
उन्होंने कहा कि चंबा में निर्मित इलैक्ट्रोहोम्योपैथी दवाएं उपचार में बहुत ही कारगर साबित हो रही हैं। उल्लेखनीय बात यह है कि यहां हर साल देश भर से हजारों लोग रबिसन इंडिया प्रयोगशाला को देखने आते हैं और कुछ लोग इस पर गहन अध्ययन भी करते हैं। डा. शर्मा ने बताया कि चंबा के अलावा धर्मशाला, इंदौर, कटक व जयपुर में भी इस तरह की गतिविधियां संचालित हो रही हैं। खज्जियार रेंज के भ्रमण पर आए कुछ चिकित्सकों तमिलनाडु से डा. थिरूमूर्ति, महाराष्ट्र से डा. रवि नितनवरे, गुजरात से डा. राज कुमार रावल, हरियाणा से डा. राजेश कुमार, डा. मंदीप सिंह, डॉ. कुलदीप शर्मा, डा. गुरप्रीत शेखो, दिल्ली से डॉ. पुनित कुमार, डा. प्रदीप कुमार, मोगा से डॉ. जगतार सिंह सेखो, डा. जगजीत गिल आदि ने बताया कि हिमाचल प्रदेश की सुंदरता और स्वास्थ्यवर्धक प्राकृतिक सौंदर्य से समृद्ध मिनी स्विट्जरलैंड के रूप में प्रसिद्ध खज्जियार को देखकर बहुत ही उत्साहित हैं ।