ब्राह्मण कल्याण आयोग बनाने की घोषणा को लागू करे हरियाणा सरकार: पं. जिले सिंह पिचौलिया

 

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 जिला सिरसा के ब्राह्मणों की एक विशेष बैठक ब्राह्मण धर्मशाला बेगू रोड, सिरसा में सम्पन्न हुई, जिसकी अध्यक्षता प्रो. दयानन्द शर्मा ने की। मंच का संचालन सुशील शर्मा जिला प्रधान ब्राह्मण महासभा ने किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि पं. जिले सिंह पिचौलिया प्रदेशाध्यक्ष ब्राह्मण महासभा हरियाणा रहे। मीटिंग में सैकड़ों की संख्या में प्रतिष्ठित विप्र बन्धुओं को सम्बोधित करते हुए  मुख्य अतिथि पं. जिले सिंह पिचौलिया ने ब्राह्मण महासभा हरियाणा की आगामी रूपरेखा का एजेंडा प्रस्तुत करते हुए कहा कि ब्राह्मण समाज की मुख्य मांग ब्राह्मण कल्याण आयोग का गठन करने व भगवान परशुराम के प्रक्टोत्सव दिवस को सरकारी तौर पर मनाने की घोषणा हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने 14 दिसम्बर 2024 को अपने मुख्यमंत्री निवास पर की थी,

लेकिन अभी तक न तो ब्राह्मण कल्याण आयोग बना और न ही अन्य महापुरुषों की भांति भगवान श्री परशुराम का प्रकटोत्स्व दिवस मनाया गया, जिससे ब्राह्मण समाज में काफी रोश प्रकट किया। अपनी मांगों को मनवाने के लिए राज्य स्तर का 151 सदस्यों का शिष्ट मंडल शीध्र ही मुख्यमंत्री से मिलेगा। पं.जिले सिंह पिचौलिया ने बताया कि महासभा ने फैसला लिया है कि हरियाणा का ब्राह्मण अपनी दशा व दिशा तय करने तथा आगामी कई महत्वपूर्ण निर्णय लेने के लिए नवंबर-2026 में एक विशाल ब्राह्मण महासम्मेलन करने जा रहा है, जिसमें पूरे हरियाणा व भारत भर से  लाखों की संख्या में ब्राह्मण भाग लेंगे। उन्होंने संगठन को मजबूत करने के लिए राज्य स्तर पर 151, सदस्यों का मंडल स्तर पर 51, जिला स्तर पर 31, ब्लॉक स्तर पर 21 सदस्यों तथा गांव स्तर पर व वार्ड स्तर तक 11-11 सदस्यों को लेकर 60 हजार सदस्यों का विशाल संगठन खड़ा किया जायेगा। ब्राह्मण समाज के प्रतिष्ठित रिटायर्ड आईएएस/आईपीएस/एचसीएसव अन्य उच्च पदों से रिटायर्ड ब्राह्मण समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियों व संतों व उच्च अधिकारियों का एक 21 सदस्यीय मार्गदर्शक मंडल बनाया जायेगा,

जिनके मार्गदर्शन में ब्राह्मण महासभा अपने फैसले लेगी। ब्राह्मण महासभा हरियाणा के महासचिव सतीश गौतम, कुलदीप भारद्वाज, युवा अध्यक्ष नरेश गौड़ उप प्रधान ने संयुक्त ब्यान में युवाओं एवं महिलाओं की भागीदारी पर जोर देते हुए हरियाणा के युवाओं एवं महिलाओं को महासभा के साथ जुड़ने की अपील की। सभा के अंत में प्रो. दया नन्द शर्मा ने सभा में उपस्थित सभी विप्र बंधुओं का धन्यवाद किया। इस अवसर पर अश्वनी कौशिक, रितेश जोशी, देव शर्मा, राजकुमार शर्मा, सुभाष शर्मा, विजय जोशी, अशोक उपाध्याय, सुरेश दड़बा, सत्यनारायण पंडिया, सुधीर सारस्वत, बृजमोहन शर्मा, घनश्याम शर्मा, धर्मपाल शर्मा, हरीश भारद्वाज, राजकुमार चोटिया, शामलाल शर्मा, त्रिलोक शर्मा, नंदलाल शर्मा, अर्जुन पंडित, गौरव शर्मा, जगदीश चन्द्र जोशी, रोहित शर्मा, सुल्तान शर्मा, विवेक शर्मा, प्रवीन शर्मा, रघुवीर शर्मा, संजय शर्मा नीटू इत्यादि विप्र बधुओं ने भाग लिया।


मीटिंग में रखे कुल 7 एजेंडे:
पं. पिचौलिया ने ब्राह्मण महासभा के कुल 7 एजेंडे मीटिंग में रखे, जिन्हें बैठक के उपस्थित सदस्यों ने हाथ उठाकर एजेंडों को अनुमोदन किया। भगवान परशुराम के प्रक्टोत्सव दिवस सरकारी तौर पर मनाने व 10 राज्यों की भांति हरियाणा में ब्राह्मण कल्याण आयोग गठित करने की मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा को लागू करवाने के लिए शीघ्र एक शिष्टमण्डल मुख्यमंत्री हरियाणा से उनके निवास पर मिलेगा। आरक्षण का लाभ 36 बिरादरी के गरीब व्यक्तियों को मिले आरक्षण सिर्फ शिक्षा तक मिले नौकरियो में आरक्षण समाप्त कर योग्यता के आधार पर नौकरी मिले, प्रतिभा को मारोगे तो प्रगति कहां से लाओगे का नारा दिया। जाति धर्म क्षेत्रवाद के आधार पर यूजीसी, एससी, एसटी जैसे जो कानून बनाये गये हैं, सभी कानूनों को समाप्त कर एक देश एक कानून बने।

सभी पर एक समान कानून लागू हो। हिंदुओं के मंदिरों का अधिग्रहण समाप्त करो और पूजा करवाने का अधिकार सिर्फ ब्राह्मण को हो, मंदिरों से प्राप्त धन राशि ब्राह्मण संस्थाओं, गौशालाओं, शिक्षा एवं स्वास्थ पर खर्च हो, हिंदू मैरिज एक्ट में संशोधन हो। गांव गुहाण्ड और माता-पिता का गौत्र छोड़ कर और माता-पिता की सहमति से लड़के-लड़की को शादी करने का अधिकार मिले, लिव इन रिलेसन व समलैंगिक जैसे असमाजिक कानून समाप्त किये जाये। दयोली की जमीन का सरल कानून बना कर ब्राह्मणों को मालिकाना हक दिया जाये। ईबीपीजी का कोटा बहाल किया जाए तथा ईडब्ल्यूएस का कोटा 10 प्रतिशत से बढ़ा कर 20 प्रतिशत किया जाए तथा इसमें ओ बी सी वाले नियम लागू करके वर्गीकरण किया जाए।