कांडा परिवार ने किया चैत्र अष्टमी पर कंजक पूजन, अलख निरंजन भवन में हुआ कंजक पूजन
mahendra india news, new delhi
चैत्र नवरात्र दुर्गा अष्टमी पर वीरवार को कांडा परिवार ने कंजक पूजन किया। 251 कंजकों का वंदन किया और उन्हें उपहार भेंट कर आशीर्वाद प्राप्त किया। रानियां रोड स्थित पूर्व मंत्री एवं हलोपा सुप्रीमो गोपाल कांडा और वरिष्ठ भाजपा नेता व श्री बाबा तारा जी कुटिया के मुख्य सेवक गोबिंद कांडा के आवास अलख निरंंजन भवन में कंजक पूजन (कन्या पूजन) किया गया।
251 कन्याओं के चरण धोये, उन्हें तिलक लगाकर और आसन पर बैठाकर भोजन कराया। कांडा परिवार के सदस्यों ने सभी कन्याओं से आशीर्वाद लिया और उन्हें फल और उपहार भेंट किए।
दुर्गा अष्टमी पर अलख निरंंजन भवन में सबसे पहले पंडित संदीप शर्मा एवं अन्य विप्र विद्वानों ने मां दुर्गा का पूजन विधि विधान के साथ करवाया। कांडा परिवार के सदस्यों ने मां दुर्गा की आरती की और प्रसाद का भोग लगाया। कन्या पूजन पर सबसे पहले श्री बाबा तारा जी कुटिया के मुख्य सेवक गोबिंद कांडा, उनकी धर्मपत्नी सरिता कांडा, भाई स्व. महान कांडा की धर्मपत्नी संगीता कांडा, धैर्य कांडा और लाभांशी कांडा आदि ने सभी कन्याओं का घर आगमन पर स्वागत करते हुए शुद्ध जल में हल्दी मिलाकर उनके चरण धोये।
सभी को तिलक लगाया गया और आसन पर बैठाकर भोजन करवाया गया। भोजन रूपी प्रसाद में खीर, पूरी, हलवा, नारियल परोसा गया। उन्हें फल, उपहार एवं पवित्र ध्वजा भेंट की गई। लाभांशी भी कन्या पूजन में शामिल हुई। भोजन के बाद सभी कन्याओं ने कांडा परिवार के सभी सदस्यों को आशीर्वाद प्रदान किया।
मान्यता है कि कन्या पूजन के दिन कन्या और बटुक की पूजा करने से मां भगवती प्रसन्न होती हैं और धन-समृद्धि का आशीर्वाद प्रदान करती हैं। इस मौके पर गोबिंद कांडा ने कहा कि जगत जननी मां जगदंबे की आदि काल से ही पूजा होती आ रही है। देवताओं ने भी मां की अपार शक्ति को माना है और कोई भी धार्मिक कार्य करने से पहले उनकी पूजा की है। उन्होंने कहा कि बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं।
आज के युग में भी कुछ लोग बेटों और बेटियों में फर्क महसूस करते हैं, लेकिन बदलते हुए दौर में बहुत सी बेटियों ने अपने माता-पिता का नाम ऊंचा करते हुए समाज में अच्छा स्थान हासिल किया है । उन्होंने कहा कि हमें बेटियों को बेटों की भांति सम्मान देकर उन्हें आगे बढ़ाना चाहिए। उन्होंने सभी को दुर्गा अष्टमी एवं। राम नवमी के पर्व की शुभकामनाएं दीं।