home page

नाथूसरी चौपटा अनाज मंडी में अव्यवस्था, बरसात से भीगा गेहूं, कौन जिम्मेदार

 | 
Chaos in Nathusari Chaupata grain market, wheat soaked in rain, who is responsible
mahendra india news, new delhi

नाथूसरी चौपटा अनाज मंडी में गेहूं खरीद को लेकर उचित प्रबंध नहीं किए गये हैं। अनाज मंडी गेहूं से अटी पड़ी है। जबकि उठान धीमी गति से चल रहा है। अनाज मंडी में शुक्रवार को हुई बरसात से अव्यवस्था देखने को मिली। बरसात से अनाज मंडी मेंं खुले में पड़ी हजारों टन गेहूं भीग गई। वही की कागदाना, नाथूसरी चौपटा व शक्कर मंदोरी की मंडियों व खरीद केंद्रों में गेहूं बारिश में भीगने का खतरा मंडराने लगा है। मार्केट कमेटी अधिकारियों ने कहा कि मंडियों व खरीद केंद्रों में आढ़तियों को तिरपाल और  कैरेट की व्यवस्था करनी होती है।  अभी भी आसमान साफ नहीं हुआ है धीमा उठान से खाद्यान्न को काफी नुकसान हो रहा है। 

उठान राम भरोसे 
नाथूसरी चौपटा अनाज मंडी में अब तक 2 लाख 20 हजार क्विंटल गेहूं की आवक हुई है। जिसमें 1 लाख 40 हजार किंवटल की खरीद हुई है।  जिसमें से मात्र 23 हजार  क्विंटल गेहूं का उठान हो सका है। बारिश के बाद फिर दोबारा गेहूं की खरीद की जा रही है पूरी मंडी गेहूं से खचाखच भरी हुई है इसी प्रकार कागदाना खरीद केंद्र में भी गेहूं खुले आसमान के नीचे पड़ा है और बारिश होने से गेहूं को भीगने से नहीं बचाया जा सका है। शक्कर मंदोंरी खरीद केंद्र  में भी लाखों क्विंटल गेहूं खुले आसमान के नीचे बारिश में भीग गया। 


गेहूं की फसल को नुकसान 
उधर कुम्हारिया, कागदाना, गिगोरानी, नाथूसरी कलां, जोडकिया, खेड़ी, गुसाईं आना सहित कई गांवों में शुक्रवार दोपहर को आई तेज हवा के साथ बारिश से खेतों में गेहूं और तूड़ी को नुकसान हुआ है।   पशुओं के लिए चारे की कमी होने का संकट भी गहरा सकता है। किसानों ने बताया कि गेहूं की कटाई तो कर ली है अब कढ़ाई का कार्य चल रहा है ऐसे में अगर मौसम साफ रहे तो गेहूं तो मंडियों में पहुंचाया जा सकता है और पशुओं के लिए सूखा चारा एकत्रित कर लिया जाएगा। लेकिन तेज हवा से खेतों में पड़ा सूखा चारा उड़  सकता है किसान रामकुमार, महेंद्र सिंह , जगदीश इत्यादि ने बताया कि सरकार और प्रकृति दोनों ही किसान की दुश्मन बनी हुई है। 

WhatsApp Group Join Now

नाथूसरी चौपटा अनाज मंडी में अब तक 2 लाख 20 हजार क्विंटल गेहूं की आवक हुई है। जिसमें 1 लाख 40 हजार किंवटल की खरीद हुई है।  जिसमें से 23 हजार क्विंटल गेहूं का उठान हो चुका है। अभी बरसात हल्की हुई हुई है जिससे गेहूं के अनाज को अभी तक कोई ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है फिर भी गेहूं को ढकने का कम शुरू कर दिया गया है ।

प्रदीप कुमार मार्केट कमेटी सुपरवाइजर