सिरसा में किसानों ने उठाई मुआवजे की मांग, बीकेई की चेतावनी- मांगें नहीं मानीं तो होगा आंदोलन
mahendra india news, new delhi
भारतीय किसान एकता (बीकेई) के प्रदेश अध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख के नेतृत्व में किसानों की विभिन्न समस्याओं और ओलावृष्टि से खराब हुई फसलों के मुआवजे की मांग को लेकर उपायुक्त, सिरसा के माध्यम से हरियाणा के मुख्यमंत्री को एक विस्तृत मांग पत्र सौंपा गया। साथ ही संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि किसानों की इन जायज मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया, तो किसानों को और अधिक संघर्ष के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
लखविंद्र सिंह औलख ने बताया कि भारी बरसात और ओलावृष्टि के कारण गांव भरोखां, दड़बी, बरुवाली, रानियां, नानुआना, धोतड़, सुल्तानपुरिया, अभोली, नकोड़ा, नगराना, मोहम्मदपुरिया, बालासर, भड़ोल्यांवाली, मंगालिया, फतेहपुरिया, फिरोजाबाद, चामल, झोरड़नाली सहित कई गांवों के किसानों की फसलें बर्बाद हो चुकी हैं। रबी 2025-26 के दौरान बरुवाली और भरोखां में गेहूं, जौ और सरसों की पकी फसलें नष्ट होने के बावजूद अभी तक मुआवजा नहीं मिला है। वर्तमान में क्षतिपूर्ति पोर्टल पर मिलने वाला 15,000 रुपये प्रति एकड़ का मुआवजा नाकाफी है, जिसे बढ़ाकर 50,000 रुपये प्रति एकड़ किया जाए तथा विशेष गिरदावरी करवाकर तुरंत राहत राशि जारी हो।
जिन किसानों की लगातार दो फसलें खराब हुई हैं, उन्हें आगामी बिजाई के लिए मुफ्त बीज और खाद की किट दी जाए। फसल पंजीकरण में वेरिफिकेशन मिसमैच के कारण किसानों को फसल बेचने और मुआवजा पाने में आ रही बाधाओं को तुरंत दूर किया जाए और दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई हो। मंडियों में परमल धान खरीद के दौरान नमी के नाम पर राइस मिलर्स और अधिकारियों द्वारा किसानों की की जा रही लूट को रोका जाए तथा खरीद पर लगी कैप को समाप्त कर पूरी फसल खरीदी जाए। गोरीवाला, डबवाली, कालांवाली और सिरसा तहसीलों का खरीफ 2020 का बकाया मुआवजा तथा रबी 2025-26 की ओलावृष्टि से प्रभावित फसलों का मुआवजा तुरंत जारी किया जाए। नहरी पानी की आपूर्ति के पुराने शेड्यूल यानी 'दो सप्ताह पानी की सप्लाई तथा एक सप्ताह की बंदी' के नियम को पुन: लागू किया जाए।
गांव सादेवाला में गलत कीटनाशक से खराब हुई 31 एकड़ नरमे की फसल की भरपाई करवाई जाए।
गांव फगु में जेके एग्री जेनेटिक्स (जेके-2154 धान बीज) में बालियां न आने से पीड़ित किसानों को मुआवजा मिले। डबवाली की फर्म 'मैसर्स ज्ञानचंद जिंदल' द्वारा अवैध रूप से पेस्टिसाइड व फर्टिलाइजर के कारोबार पर उसका लाइसेंस रद्द किया जाए। कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, सिरसा में तुरंत उप कृषि निदेशक (डीडीए) की स्थाई नियुक्ति की जाए। इस अवसर पर ओलावृष्टि व बरसात से प्रभावित गांवों के सैकड़ों किसान मौजूद रहे। संगठन ने उम्मीद जताई है कि सरकार जल्द से जल्द इन मांगों को मानकर किसानों को राहत प्रदान करेगी।
