वर्तमान प्रतिस्पर्धी दौर में विद्यार्थियों के लिए मानसिक संतुलन बनाए रखना अत्यंत आवश्यक
Mahendra india news, new delhi
चौधरी देवी लाल विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) इकाई द्वारा राज्य एनएसएस सेल, उच्च शिक्षा विभाग, हरियाणा, पंचकूला के प्रायोजन में आयोजित सात दिवसीय विश्वविद्यालय स्तरीय शिविर के चौथे दिन विभिन्न विषयों पर ज्ञानवर्धक गतिविधियाँ आयोजित की गईं।
इस अवसर पर बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन विभाग की प्रो. आरती गौड़ ने तनाव प्रबंधन विषय पर व्याख्यान देते हुए कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धी दौर में विद्यार्थियों के लिए मानसिक संतुलन बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने स्वयंसेवकों को समय प्रबंधन, सकारात्मक सोच, योग एवं ध्यान को अपनाने की सलाह दी। प्रो. गौड़ ने कहा कि तनाव को सही दिशा में परिवर्तित कर व्यक्ति अपनी कार्यक्षमता और नेतृत्व क्षमता को बढ़ा सकता है।
इसके अतिरिक्त, पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर एवं जनसंपर्क निदेशक डॉ. अमित ने “डिजिटल साक्षरता” विषय पर प्रेरक व्याख्यान दिया। उन्होंने स्वयंसेवकों को डिजिटल युग में जागरूक, जिम्मेदार एवं सुरक्षित नागरिक बनने का संदेश देते हुए कहा कि डिजिटल साक्षरता केवल तकनीकी ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि सूचना की सत्यता की पहचान, साइबर सुरक्षा के प्रति सजगता तथा सोशल मीडिया का सकारात्मक उपयोग भी इसका महत्वपूर्ण हिस्सा है।
उन्होंने स्वयंसेवकों को फेक न्यूज से बचने, साइबर अपराधों के प्रति सतर्क रहने और डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग समाजहित में करने के लिए प्रेरित किया। शिविर के अंतर्गत आयोजित निबंध लेखन प्रतियोगिता में एमएम कॉलेज फतेहाबाद के प्रिंसिपल डॉ गुरचरण दास ने निर्णायक की भूमिका निभाई। उन्होंने प्रतिभागियों के विचारों की सराहना करते हुए कहा कि युवा वर्ग की रचनात्मक सोच समाज में सकारात्मक परिवर्तन ला सकती है।
कार्यक्रम का शुभारंभ एनएसएस कार्यक्रम समन्वयक डॉ. रोहतास द्वारा डॉ अमित को पुष्प गुच्छ देकर व स्वागत संबोधन से हुआ। उन्होंने कहा कि शिविर के चौथे दिन का यह सत्र स्वयंसेवकों के लिए अत्यंत ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक रहा। एनएसएस प्रोग्राम ऑफिसर डॉ जीत राम, डॉ इंद्र जाखड़, डॉ बिबलेश, डॉ. सुरेश, राजेश रंगा, मीनू वर्मा, सुमन कासनिया एवं गुरसाहिब सिंह ने कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई । मंच संचालन डॉ. टिम्सी एवं डॉ. चनप्रीत द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार की एनएसएस स्वयंसेवक पूर्णिमा एवं भूमिका द्वारा मुख्य वक्ता को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।
