इंटरनेशनल खिलाड़ी व जीजा-साला गिरफ्तार, हरियाणा में 5 करोड़ की फिरौती लेकर छोड़ा था 8 वर्षीय हुनरजीत
हरियाणा के बड़ी खबरों में झज्जर जिले से हैं। गांव बरानी से बीडीएम नर्सिंग कॉलेज के संचालक अमरजीत फोगाट के 8 साल के बेटे हुनरजीत के अपहरण मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। जानकारी के अनुसार एसटीएफ (विशेष कार्य बल) की जांच और परिजनों की ओर से कही जा रही बातों में सामने आया है कि अपहरणकर्ताओं ने 5 करोड़ रुपये की फिरौती वसूलने के बाद ही मासूम को रिहा किया था। इस वारदात को अंजाम देने वाले मास्टरमाइंड कोई और नहीं, बल्कि कॉलेज का ही कर्मचारी मनीष और उसका अंतरराष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी जीजा मोनू निकाला है।
एसटीएफ (विशेष कार्य बल) बहादुरगढ़ के प्रभारी राकेश ने बताया दोनों आरोपितों को आज शनिवार को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा। रिमांड के दौरान फिरौती की रकम की बरामदगी और वारदात में शामिल अन्य आरोपितों की तलाश की जाएगी।
सूत्रों और परिजनों के मुताबिक अपहरणकर्ताओं के निर्देश पर फिरौती की राशि रोहतक आईएमटी क्षेत्र में एक नहर के पुल के पास दी गई थी। मोटी रकम हाथ लगने के बाद ही आरोपियों ने हुनरजीत को रोहतक के पास एक सुनसान जगह पर छोड़ा, जहां से उसे सकुशल घर लाया गया। एसटीएफ के एसपी विक्रांत भूषण ने बहादुरगढ़ में मीडिया से बातचीत के दौरान बताया कि इस संवेदनशील मामले को सुलझाने के लिए एसटीएफ की रोहतक और बहादुरगढ़ इकाइयों ने संयुक्त अभियान चलाया। पुलिस ने मुख्य आरोपित मोनू (निवासी कंसाला, रोहतक) और उसके साले मनीष उर्फ सीन्टू (निवासी बरानी) को गिरफ्तार कर लिया है।
