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रोडवेज कर्मचारियों की मांगों को लेकर सांझा मोर्चा ने महाप्रबंधक को सौंपा हड़ताल का नोटिस, चेतावनी

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Joint front of Roadways employees submits strike notice to the General Manager, issues warning regarding their demands

mahendra india news, new delhi
सिरसा। रोडवेज कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान को लेकर सांझा मोर्चा की एक मीटिंग रोडवेज परिसर में हुई। मीटिंग में सांझा मोर्चा से जुड़े कर्मचारी नेता सतबीर सिंह कड़वासरा, रिछपाल सिंह सिद्धू, रिटायर्ड कर्मचारी मदनलाल खोथ, आत्माराम सहारण सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। मंच संचालन सिरसा रोडवेज डिपो प्रधान पृथ्वी सिंह चाहर ने किया। महासचिव चमन लाल स्वामी ने बताया कि मीटिंग में 17 सितंबर 2026 को दिए मांग पत्र भी अभी तक विचार न किए जाने पर रोष प्रकट किया गया।

उन्होंने बताया कि 8 सितंबर को परिवहन मंत्री के साथ मीटिंग हुई और मंत्री ने सभी मांगों को माना, लेकिन धरातल पर लागू नहीं किया गया। जिसके चलते 4 नवंबर तक का अल्टीमेटम परिवहन मंत्री को दिया गया है, अन्यथा 5 और 6 नवंबर को हरियाणा रोडवेज का कर्मचारी हड़ताल पर जाने को मजबूर होगा। अगर इसके बाद भी कोई संज्ञान नहीं लिया गया तो आगामी आंदोलन की रूपरेखा बनाई जाएगी।


ये है कर्मचारियों की प्रमुख समस्याएं:
सिरसा में जो बसें जाट धर्मशाला होकर जाती है, उनका संचालन सुरखाब चौक से लाल बत्ती हो कर सीधा किया जाए। जिले में हर गांव में तीन से चार स्टैण्ड ग्रामीणों ने अपनी मर्जी से बनाए हुए हैं। नोडल अधिकारी सिरसा द्वारा गाव सरपंच से बात करके एक स्टैण्ड निर्धारित किया जाए। ईटीएम मशीन में दिए गए स्टैण्ड को पंच मानते हुए एक मिनट हर स्टैंड का समय रनिंग समय में जोड़ा जाए। हर गांव में एक से ज्यादा स्टैण्ड को मशीन में दशार्एं। भट्टू- सूरतगढ़ की तर्ज पर आदमपुर- हनुमानगढ़ रोटेशन को पास करके चलाई जाए। गुरुग्राम की तर्ज पर चौपटा-चण्डीगढ़ को बैक डेट से पास करके चलाई जाए।

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दीपावाली त्यौहार से पहले बकाया ओवर टाइम रात्रि-भत्ता दिया जाए। कौशल कर्मचारियों की तनख्वाह हर महीने के पहले सप्ताह में दी जाए। सीनियर-जुनियर व बिमार कर्मचारियों को मुख्यालय की हिदायत अनुसार अति सीनियर कर्मचारियों को ही सीटों पर लगाया जाए। ड्यूटी शुरू करते समय चालकों को एक ही बस दी जाए, ताकि बार-बार बस बदलने में समय खराब न हो। अन्य की ड्यूटी पर बैठे कर्मचारियों को नॉर्म से बाहर निकालकर ही ओवर-टाइम के घण्टों की की जाए।

दिल्ली व सिरसा-चण्डीगढ़ मार्ग पर रात्रि के समय रास्ते में यात्रियों के लिए चाय-नाश्ता व वॉशरूम हेतू कोई होटल निर्धारित किया जाए। सभी प्राईवेट बसों को निर्धारित समय-अनुसार, सिरसा बस-स्टैण्ड से चलाया जाए। प्राय: देखने में आता है कि प्राईवेट बसें दो-दो समय एक साथ लेकर जाती है। सिरसा-दिल्ली-सिरसा मार्ग पर 10:16 टाइम वाली बस का समय 00.18 बजे होने के बावजूद की रनिंग लिस्ट नहीं दी जा रही, दी जाए। एसी बसों व राजस्थान में चलने वाली बसों में किराया राऊंड फिगर में किया जाए। जो बसें रात्रि ठहराव गांव में करती है, उन चालक व परिचालकों के लिए विश्राम के लिए पंचायत घरों में व्यवस्था करवाई जाए।