प्रदेशव्यापी आह्वान पर सिरसा में हजारों कर्मचारियों एवं श्रमिकों का विशाल विरोध प्रदर्शन, मुख्यमंत्री के नाम सौंपा गया मांग-पत्र
mahendra india news, new delhi
भारतीय मजदूर संघ, हरियाणा के प्रदेशव्यापी आह्वान पर सिरसा जिला मुख्यालय पर विभिन्न विभागों के कर्मचारियों, अनुबंधित कर्मियों, कच्चे कर्मचारियों, श्रमिकों एवं महिला कार्यकतार्ओं ने अपनी वर्षों से लंबित मांगों, सेवा सुरक्षा, समान वेतन, नियमितीकरण तथा श्रमिक अधिकारों को लेकर विशाल एवं शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के उपरांत उपायुक्त, सिरसा के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री, हरियाणा सरकार के नाम विस्तृत मांग-पत्र सौंपते हुए सरकार से शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की गई।
प्रदर्शन का नेतृत्व भारतीय मजदूर संघ, जिला सिरसा के जिला अध्यक्ष जगदीश लूना की अध्यक्षता में जिला मंत्री चरणजीत वर्मा ने किया। प्रदर्शन में कर्मचारियों ने हरियाणा सरकार वादा निभाओ, कर्मचारियों का शोषण बंद करो, समान कार्य-समान वेतन लागू करो, सेवा सुरक्षा हमारा अधिकार है तथा भारतीय मजदूर संघ जिंदाबाद के गगनभेदी नारों से पूरे क्षेत्र को गुंजायमान कर दिया। भारतीय मजदूर संघ हरियाणा द्वारा भेजे गए मांग-पत्र में कहा गया कि प्रदेश के लाखों कर्मचारी एवं श्रमिक आज भी सेवा सुरक्षा, नियमितीकरण, उचित वेतन, सामाजिक सुरक्षा तथा वैधानिक सुविधाओं से वंचित हैं। सरकार द्वारा समय-समय पर की गई अनेक घोषणाएं आज भी धरातल पर लागू नहीं हो सकी हैं।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से मांग की गई कि प्रदेश के सभी कच्चे कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा का कानूनी संरक्षण प्रदान किया जाए तथा एचकेआरएनएल के अंतर्गत पांच वर्ष या उससे अधिक सेवा दे चुके कर्मचारियों को हरियाणा सेवा सुरक्षा अधिनियम-2024 का तत्काल लाभ दिया जाए। मुख्यमंत्री द्वारा घोषित नियुक्ति पत्र बिना किसी विलंब के पात्र कर्मचारियों को जारी किए जाएं। मिड-डे मील वर्कर्स, पार्ट-टाइम कर्मचारियों, एजुसैट चौकीदारों, एनएचएम कर्मचारियों, अनुबंधित विद्युत कर्मचारियों, परिवहन कर्मचारियों तथा अन्य सभी अनुबंधित कर्मचारियों के साथ हो रहे भेदभाव को समाप्त करते हुए उन्हें समान कार्य के लिए समान वेतन, सेवा सुरक्षा एवं सभी वैधानिक सुविधाएं प्रदान की जाएं।
बिजली विभाग में जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में कार्य कर रहे कर्मचारियों को जोखिम भत्ता, स्वास्थ्य बीमा एवं चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। वर्ष 2016 से कार्यरत परिवहन विभाग के कर्मचारियों को नियमित कर पुरानी पेंशन योजना का लाभ दिया जाए। कार्यस्थल पर दुर्घटना में जान गंवाने वाले श्रमिकों को श्रमिक शहीद का सम्मान दिया जाए तथा उनके परिवार को 1 करोड़ की आर्थिक सहायता, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी एवं समुचित सामाजिक सुरक्षा प्रदान की जाए। आॅटो चालक एवं परिचालक कल्याण बोर्ड का तत्काल गठन किया जाए। क्लर्कों का न्यूनतम वेतनमान 29,200 निर्धारित किया जाए तथा एक्स-ग्रेशिया नीति में संशोधन कर आश्रितों को नौकरी देने की आयु सीमा 52 वर्ष से बढ़ाकर 58 वर्ष की जाए।
भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि श्रमिक और कर्मचारी किसी भी राज्य की विकास यात्रा की सबसे महत्वपूर्ण शक्ति हैं। यदि इन्हीं कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा, सम्मानजनक वेतन और सामाजिक सुरक्षा नहीं मिलेगी तो सुशासन और विकास के दावे अधूरे रह जाएंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा कर्मचारियों के हित में की गई घोषणाओं का भारतीय मजदूर संघ ने सदैव स्वागत किया है, किंतु अधिकारियों की उदासीनता और प्रशासनिक विलंब के कारण लाखों कर्मचारी आज भी उन लाभों से वंचित हैं। अब समय आ गया है कि सरकार घोषणाओं से आगे बढ़कर उन्हें धरातल पर लागू करे। भारतीय मजदूर संघ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि कर्मचारियों एवं श्रमिकों की न्यायोचित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो प्रदेशभर में चरणबद्ध एवं व्यापक आंदोलन चलाया जाएगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी राज्य सरकार एवं प्रशासन की होगी।
इन संगठनों की रही सक्रिय भागीदारी:
प्रदर्शन में भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध विभिन्न संगठनों एवं विभागों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इस विशाल प्रदर्शन में मुख्य रूप से नॉन टीचिंग कर्मचारी संघ, अनुबंधित विद्युत कर्मचारी संघ, भवन निर्माण श्रमिक संघ, हरियाणा राज्य परिवहन कर्मचारी संघ, पब्लिक हेल्थ कर्मचारी संघ, ग्रामीण ट्यूबवैल कर्मचारी संघ, समग्र शिक्षा एम्प्लोयी एसोसिएशन, अनुबंधित स्वास्थ्य कर्मचारी संघ, आयुष विभाग इत्यादि संगठनों के सैकड़ों कार्यकर्ता साथियों ने भाग लिया और अपनी बुलंद आवाज दर्ज कराई। भारतीय मजदूर संघ ने पुन: दोहराया कि कर्मचारियों एवं श्रमिकों के सम्मान, सेवा सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा के लिए संगठन का संघर्ष निरंतर जारी रहेगा तथा किसी भी कर्मचारी के अधिकारों से समझौता नहीं किया जाएगा।
