वेज लिमिट बढऩे पर 66 फीसद तक बढ़ गई पेंशन, कैलकुलेशन से समझें 10 से 20 वर्ष की जॉब का गणित
mahendra india news, new delhi
केंद्र सरकार ने कर्मचारी भविष्य निधि और कर्मचारी पेंशन योजना के तहत वेतन सीमा को बढ़ा दिया गया है। यह बढ़ाकर ₹15000 से ₹25,000 प्रति महीने करने का बड़ा निर्णय ले लिया है। इस निर्णय से लाखों कर्मचारियों को राहत मिली है। सबसे खास बात ये है कि इस निर्णय का 'गेम-चेंजर' पहलू है, अगर रिटायरमेंट के बाद मिलने वाली मंथली पेंशन है। ₹25,000 की नई वेतन सीमा लागू होते ही आपकी पेंशन में सीधे 66.6 फीसद का बड़ा उछाल आया है।
लेकिन इस बढ़ोतरी के बाद कई कर्मचारियों के मन में पेंशन को लेकर प्रश्र उठ रहे हैं कि इस बढ़ोतरी के बाद पेंशन बढ़ेगी या घटेगी और साथ ही इन हैंड सैलरी पर क्या असर पड़ेगा? ऐसे में जाने पूरा गणित बारे में डिटेल में समझते हैं।
EPF0 द्वारा तय किया हुआ फॉर्मूला
मासिक पेंशन = (पेंशन योग्य वेतन × पेंशन योग्य सेवा) ÷ 70
पेंशन योग्य वेतन : सरकार इस पर एक ऊपरी सीमा (Ceiling) तय करती है। अब तक यह ₹15,000 थी, जिसे अब बढ़ाकर ₹25,000 कर दिया गया है।
पेंशन योग्य सेवा : इसमें आपकी नौकरी यानी सर्विस करने के साल होते हैं। (नियम के मुताबिक, अगर आपने 20 साल या उससे ज्यादा नौकरी की है, तो 2 साल का 'सर्विस बोनस' एक्स्ट्रा मिलता है। )
कंपनी कितना करती है योगदान?
आपकी बेसिक सैलरी का 12% हिस्सा PF में जाता है और उतना ही हिस्सा 12% कंपनी भी मिलाती है। कंपनी का पहला योगदान 8.33% EPS फंड में जाता है और दुसरा 3.67% EPF खाते में जाता है।
अगर आपकी बेसिक सैलरी ₹25,000 या उससे ज्यादा है, तो पुरानी ₹15,000 की सीलिंग और नई ₹25,000 की सीलिंग में आपकी मंथली पेंशन का अंतर कितना बड़ा होगा।
नौकरी की अवधि (Service Years) बोनस के साल कैलकुलेटेड साल पुरानी सीलिंग (₹15,000) पर पेंशन नई सीलिंग (₹25,000) पर पेंशन
हर महीने पेंशन बढ़ोतरी
10 Year 0 साल बोनस 10 Year ₹2,143 ₹3,571 ₹1,428 PLUS
15 Year 0 साल 15 वर्ष ₹3214 ₹5357 PLUS ₹2,143
20 Year 2 साल प्लस 22 साल ₹4,714 ₹7,857 PLUS ₹3143
