कामयाब शिविर के बाद तारा देवी, शिमला से लौटा स्काउट एवं गाइड दल
mahendra india news, new delhi
सिरसा जिले का 221 सदस्यीय स्काउट एवं गाइड दल हिमाचल प्रदेश के तारा देवी स्थित भारत स्काउट एवं गाइड के राज्य प्रशिक्षण केंद्र में राज्य प्रशिक्षण आयुक्त एल.एस. वर्मा के नेतृत्व में आयोजित पांच दिवसीय शिविर में भाग लेकर सफलतापूर्वक लौटा। इस शिविर में स्काउट मास्टर, गाइड कैप्टन, स्काउट एवं गाइड के लिए विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए गए। दल का नेतृत्व डीओसी (गाइड) उषा गुप्ता ने किया।
SIRSA जिला शिक्षा अधिकारी एवं जिला स्काउट आयुक्त सुनीता साईं ने स्काउट एवं गाइड दल के स्वागत अवसर पर कहा कि स्काउटिंग विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है और उन्हें भविष्य के जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित करती है। दल के लौटने पर जिला शिक्षा अधिकारी सुनीता साईं, जिला संगठन आयुक्त व जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी विजय लक्ष्मी व डॉ. इन्द्रसैन तथा स्काउट सचिव सुखदेव ढिल्लों ने उनका स्वागत करते हुए शिविर की सफलता पर बधाई दी।

प्रशिक्षण के अंतर्गत 18 गाइड कैप्टन ने बेसिक कोर्स, 13 ने एडवांस कोर्स, 34 स्काउट मास्टर ने बेसिक कोर्स तथा 18 ने एडवांस कोर्स पूरा किया। इसके अलावा 37 गाइड ने तृतीय सोपान, 21 गाइड ने राज्य पुरस्कार, तथा 73 स्काउट्स ने राज्य पुरस्कार एवं तृतीय सोपान कोर्स में प्रशिक्षण प्राप्त किया। गाइड कैप्टन उषा गुप्ता ने बताया कि शिविर के दौरान प्रतिभागियों ने स्काउटिंग के विभिन्न पहलुओं का प्रशिक्षण प्राप्त किया और आसपास के क्षेत्रों में ट्रैकिंग भी की। इस दौरान दल ने माता तारा देवी मंदिर तथा जाखू मंदिर की ट्रैकिंग कर प्राकृतिक सौंदर्य का अनुभव किया।
शिविर के दौरान प्रतिदिन सायंकाल कैंप फायर का आयोजन किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम, सामूहिक गीत एवं नृत्य प्रस्तुत कर वातावरण को उत्साहपूर्ण बना दिया। इससे दिनभर की थकान भी दूर हो जाती थी। इस अवसर पर राज्य प्रशिक्षण आयुक्त एल.एस. वर्मा ने स्काउटिंग की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए प्रतिभागियों को सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया। शिविर में सहायक राज्य संगठन आयुक्त(स्काउट)गुरचरण सिंह, सहायक राज्य संगठन आयुक्त (गाइड) पुष्पा देवी, शशि गुप्ता, सर्वजीत कौर, डिंपल, पवन कुमार, गुरदास सिंह, प्रवीन कुमार, कुलदीप सिंह और नीरज कुमार ने विभिन्न कोर्सों में प्रशिक्षक के रूप में अपनी सेवाएं दीं।
