विश्व संवाद केंद्र, हांसी द्वारा ‘नारद जयंती’ पर संगोष्ठी आयोजित, पत्रकारिता समाज परिवर्तन का सशक्त माध्यम’ : डॉ. अमित सांगवान
mahendra india news, new delhi
विश्व संवाद केंद्र हरियाणा के तत्वाधान में शनिवार को विश्व संवाद केंद्र, हांसी द्वारा 'नारद जयंती' के पावन अवसर पर
स्थानीय जैन धर्मशाला में एक भव्य संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य विषय “समाज परिवर्तन में पत्रकारिता की भूमिका” रहा।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अमित सांगवान उपस्थित रहे। उन्होंने देवर्षि नारद को विश्व का प्रथम पत्रकार बताते हुए कहा कि पत्रकारिता केवल समाचारों का आदान-प्रदान नहीं, बल्कि समाज को सही दिशा देने और कुरीतियों को दूर करने का एक प्रभावी माध्यम है। सच्चा पत्रकार वही है जो निष्पक्षता, संवेदनशीलता और जनहित को सर्वोपरि रखकर कार्य करे।
उन्होंने कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में पत्रकारिता की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण हो गई है। सोशल मीडिया और नई तकनीकों के दौर में पत्रकारों के सामने सत्यता बनाए रखने की बड़ी चुनौती है। उन्होंने विद्यार्थियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मोबाइल जर्नलिज्म, डिजिटल स्टोरीटेलिंग और फैक्ट-चेकिंग जैसी आधुनिक तकनीकों की जानकारी देते हुए कहा कि तकनीक तभी सार्थक है जब उसका उपयोग समाजहित में किया जाए।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, हांसी के प्राचार्य राजेश कुमार उपस्थित रहे। उन्होंने शिक्षा और पत्रकारिता के अंतर्संबंधों पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को जागरूक एवं जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित किया।
राजेश कुमार ने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और युवा पत्रकारों को सकारात्मक सोच, नैतिक मूल्यों तथा राष्ट्रहित को ध्यान में रखकर कार्य करना चाहिए। पत्रकारिता का उद्देश्य केवल टीआरपी या लोकप्रियता प्राप्त करना नहीं, बल्कि समाज में जागरूकता, संवेदनशीलता और सकारात्मक बदलाव लाना होना चाहिए।
संगोष्ठी में वक्ताओं ने डिजिटल मीडिया, सोशल मीडिया और आधुनिक पत्रकारिता के माध्यम से सामाजिक बदलाव लाने के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर स्थानीय पत्रकारों, बुद्धिजीवियों एवं विभिन्न शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों और पत्रकारों के बीच संवाद सत्र का आयोजन भी किया गया, जिसमें पत्रकारिता की चुनौतियों, नैतिक मूल्यों और भविष्य की संभावनाओं पर विचार साझा किए गए।
विश्व संवाद केंद्र हांसी के पदाधिकारियों ने बताया कि प्रतिवर्ष ‘नारद जयंती’ को पत्रकार दिवस के रूप में मनाया जाता है। इसका उद्देश्य पत्रकारिता के नैतिक मूल्यों को सुदृढ़ करना तथा समाज में सकारात्मकता और जागरूकता फैलाना है।
कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का सम्मान कर आभार व्यक्त किया गया।
