home page

हरियाणा में आज से दो दिन बसों में महिलाओं का नहीं लगेगा किराया, रक्षाबंधन पर महिलाओं और बच्चों के लिए बड़ा तोहफा

 | 
mnews

mahendra india news, new delhi
 हरियाणा प्रदेश में रक्षाबंधन के पर्व पर प्रदेश सरकार ने महिलाओं को रोडवेज की बसों में फ्री यात्रा करने की सुविधा दी है। हरियाणा रोडवेज की साधारण बसों में महिलाओं को 27 अगस्त दोपहर 12 बजे से 28 अगस्त रात 12 बजे (मध्यरात्रि) तक मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलेगी। वहीं महिलाओं के साथ 15 वर्ष तक के  बच्चों को भी इस सुविधा का फायदा मिलेगा।

प्रदेश के सीएम नायब सैनी और परिवहन मंत्री अनिल विज के आदेश पर परिवहन निदेशालय की ओर से सभी रोडवेज महाप्रबंधकों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। महिलाओं को फ्री सफर करने की सुविधा हरियाणा रोडवेज की आर्डिनरी बसों में हरियाणा के भीतर यात्रा के लिए लागू होगी। इसी के साथ ही हरियाणा रोडवेज की ऐसी साधारण बसें जो चंडीगढ़ और दिल्ली तक संचालित होती हैं, उनमें भी महिलाएं और उनके साथ 15 वर्ष तक के  बच्चे मुफ्त यात्रा कर सकेंगे।


रक्षाबंधन के पर्व पर बहुत बड़ी संख्या में महिलाओं के अपने मायके जाने और भाइयों को राखी बांधने के लिए यात्रा करने की संभावना को देखते हुए परिवहन विभाग ने बसों के संचालन को लेकर विशेष तैयारियां करने के निर्देश दिए हैं।

हरियाणा प्रदेश की सभी रोडवेज महाप्रबंधकों को पर्याप्त संख्या में बसें उपलब्ध रखने और जरूरत के अनुसार अतिरिक्त बसें संचालित करने को कहा गया है, ताकि यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो। 

WhatsApp Group Join Now

बस अड्डों पर यात्रियों की सुविधा के लिए पर्याप्त संख्या में वर्दीधारी स्टाफ की तैनाती भी की जाएगी। कर्मचारियों को विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों की यात्रा से संबंधित जानकारी देने तथा उन्हें आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी परिवहन विभाग ने जिला प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित करने को कहा है। बस अड्डों पर पर्याप्त संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती सुनिश्चित करने के लिए सभी महाप्रबंधकों को जिला प्रशासन के संपर्क में रहने के निर्देश दिए गए हैं।

हरियाणा प्रदेश के परिवहन विभाग ने इस पूरी व्यवस्था की निगरानी के साथ-साथ फ्री यात्रा सुविधा का महिलाओं और बच्चों ने कितना लाभ उठाया, इसकी रिपोर्ट भी मांगी है। सभी महाप्रबंधकों को 31 अगस्त तक सुविधा का फायदा लेने वाले महिलाओं और बच्चों की रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।