CDLU, सिरसा के कंप्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग विभाग द्वारा “डेटा साइंस” विषय पर कार्यशाला का समापन
Workshop on “Data Science” by Department of Computer Science & Engineering, CDLU, Sirsa concludes
mahendra indai news, new delhi
चौधरी देवी लाल विश्वविद्यालय, सिरसा के कंप्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग विभाग द्वारा “डेटा साइंस” विषय पर आयोजित पांच दिवसीय कार्यशाला का समापन समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस कार्यशाला में सिरसा एवं फतेहाबाद के 9 विभिन्न महाविद्यालयों से आए 132 प्रतिभागियों ने भाग लिया।
कार्यशाला के रिसोर्स पर्सन डेटा साइंटिस्ट जगजीत कुमार ने प्रतिभागियों को डेटा साइंस के मूल सिद्धांतों, इसके विविध अनुप्रयोगों तथा आईटी इंडस्ट्री में उपलब्ध करियर संभावनाओं से अवगत कराया। उन्होंने सांख्यिकी एवं एमएस-एक्सेल के उपयोग के साथ-साथ रिग्रेशन, क्लासिफिकेशन, सुपरवाइज्ड लर्निंग, नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग (एनएलपी), क्लस्टरिंग तथा टाइम-सीरीज एनालिसिस जैसे विषयों पर व्यावहारिक प्रशिक्षण भी प्रदान किया।
समापन समारोह में डीन इंजीनियरिंग एवं विभागाध्यक्ष प्रो. हरीश रोहिल ने मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों का स्वागत किया। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन, विशेषकर कुलगुरु प्रो. विजय कुमार तथा कुलसचिव डॉ सुनील कुमार के मार्गदर्शन एवं सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सेवानिवृत्त प्रिंसिपल (आईटीआई) राजकुमार एवं समाज सेवी एडवोकेट यतींद्र सिंह उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथियों के रूप में डॉ. रामप्रसाद गोस्वामी (सेवानिवृत्त प्रोफेसर, एचएयू, हिसार) तथा समाजसेवी अजय गोयल ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई। इस अवसर पर डॉ. धर्मवीर अहलावत एवं डॉ. संदीप भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि राजकुमार ने डेटा के बढ़ते महत्व पर प्रकाश डालते हुए इसके रणनीतिक उपयोग के उदाहरण प्रस्तुत किए। एडवोकेट यतींद्र सिंह ने विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण, नागरिक कर्तव्यों एवं सामाजिक समरसता के प्रति जागरूक किया। डॉ. रामप्रसाद गोस्वामी ने स्वतंत्रता के बाद खाद्य संकट के समाधान में सांख्यिकी एवं डेटा साइंस की भूमिका पर अपने विचार साझा किए, जबकि अजय गोयल ने कविता के माध्यम से विद्यार्थियों को करियर के प्रति प्रेरित किया।
कार्यशाला के आयोजन सचिव सुमन एवं अविनिंदर तथा सह-समन्वयक डॉ. जसजीत और सुमित सहित विभाग के शिक्षकगण डॉ. रघुविंदर, डॉ. संगीता, डॉ. कपिल, डॉ. कुलदीप एवं पलक भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन पूनम ने प्रभावी ढंग से किया। समारोह के अंत में मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों द्वारा प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए।
