एचपीएससी में खाली पदों और आरक्षण के मुद्दे पर युवा कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन, एचपीएससी चेयरमैन का पुतला फूंका
Mahendra india news, new delhi
सिरसा। हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) में पदों को जानबूझकर खाली छोड़े जाने और विशेषकर अनुसूचित जाति (एससी) व पिछड़ा वर्ग (बीसी) की आरक्षित पोस्ट न भरे जाने के मुद्दे को लेकर गुरुवार को हरियाणा युवा कांग्रेस ने सिरसा में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष निशित कटारिया के नेतृत्व में जिला कार्यकारिणी बैठक के बाद बेगू रोड स्थित कांग्रेस भवन के सामने एचपीएससी के चेयरमैन का पुतला फूंका गया और भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई।
इससे पहले सुबह 9.30 बजे कांग्रेस भवन में जिला कार्यकारिणी की बैठक आयोजित की गई, जिसमें संगठनात्मक मजबूती और युवाओं के रोजगार संबंधी मुद्दे को लेकर चल रहे आंदोलन की रणनीति पर चर्चा हुई। बैठक को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष निशित कटारिया ने कहा कि भाजपा सरकार जानबूझकर भर्ती प्रक्रिया को कमजोर कर रही है और पदों को खाली छोडक़र युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। निशित कटारिया ने कहा कि आज सरकार इस आंदोलन को केवल हरियाणवी बनाम बाहरी के मुद्दे तक सीमित करने की कोशिश कर रही है,
, जबकि असली और बड़ा मुद्दा यह है कि योग्य उम्मीदवारों के होते हुए भी हजारों पद खाली छोड़े जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह सिर्फ प्रशासनिक चूक नहीं, बल्कि एक सोची-समझी नीति है। उन्होंने आरोप लगाया कि सबसे गंभीर स्थिति एससी और बीसी वर्ग की आरक्षित पोस्ट को लेकर है, जिन्हें लगभग शून्य के बराबर भरा गया है। कटारिया ने कहा कि भाजपा सरकार खुद को दलितों और पिछड़ों की हितैषी बताती है, लेकिन हकीकत यह है कि वही सरकार आरक्षण की हत्या कर रही है। जब पद मौजूद हैं, योग्य उम्मीदवार मौजूद है, फिर भी नियुक्ति नहीं हो रही, तो इसका सीधा मतलब है कि आरक्षण को कागजों में जिंदा और जमीन पर खत्म किया जा रहा है।
प्रदेश अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री से सीधे सवाल पूछते हुए कहा कि एससी और बीसी के योग्य कैंडिडेट होने के बावजूद पोस्ट खाली क्यों हैं? एक ओबीसी मुख्यमंत्री के रहते पिछड़े वर्ग की भर्तियां क्यों नहीं की जा रहीं? उन्होंने 35 प्रतिशत कट-ऑफ को आरक्षण खत्म करने का हथियार बताते हुए कहा कि यह व्यवस्था मेरिट के नाम पर दलित-पिछड़े युवाओं के साथ अन्याय है। पुतला दहन के दौरान युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सरकार से जवाब मांगते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द ही खाली पद नहीं भरे गए और आरक्षित वर्ग को उनका संवैधानिक अधिकार नहीं मिला, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। इस विरोध प्रदर्शन में मुख्य तौर पर मोहित शर्मा, नवदीप कम्बोज, सतीश खिचड़, गोबिंद नम्बरदार, सौरभ सहारण, आनंद भाम्भू, भूपेंद्र शर्मा, कुंवरवीर सिहाग, शिवराज रानियां शुभम नाहर, लक्की ओढ़ां, परमवीर जैन, कमल कांटिवाल, बिनय, गुरविंदर गिल, पंकज खारिया, शुभम पूनियां उपस्थित रहे।
