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सीडीएलयू SIRSA में एनईपी-2020 के संदर्भ में भारतीय ज्ञान प्रणाली पर हुआ विचार-विमर्श

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Discussion on Indian Knowledge System in the context of NEP-2020 held at CDLU SIRSA

Mahendra india news, new delhi
 चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा के टैगोर एक्सटेंशन लेक्चर थिएटर में शुक्रवार को राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के संदर्भ में भारतीय ज्ञान प्रणाली पर एक पैनल डिस्कशन  का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम एनईपी सारथी एवं यूनिवर्सिटी सेंटर फॉर इंडियन नॉलेज सिस्टम कार्यालय द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया गया।


इस संदर्भ में जानकारी देते हुए यूनिवर्सिटी सेंटर फॉर इंडियन नॉलेज सिस्टम की निदेशक डॉ संजू बाला ने बताया कि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय कुमार के दिशा निर्देशन में इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उन्होंने सभी मेहमानों का स्वागत किया और कहा कि नई शिक्षा नीति में भारतीय ज्ञान प्रणाली को समाहित करने से शिक्षा अधिक समग्र, मूल्य-आधारित और व्यवहारिक बनेगी। सीडीएलयू के कुलसचिव प्रोफेसर अशोक शर्मा ने भारतीय ज्ञान प्रणाली एवं परम्परा को सर्वश्रेष्ठ बताया और कहा की शेक्षणिक संस्थानों एवं प्राध्यपकों को इस प्रणाली के इम्प्लीमेंटेशन में अग्रणी भूमिका निभानी होगी।


इस अवसर पर विशेषज्ञ के रूप में बोलते हुए सेवानिवृत्त जिला आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी डॉ. गिरीश चौधरी  तथा आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी, सिरसा डॉ. उमेश सहगल   ने भारतीय पारंपरिक चिकित्सा, योग, आयुर्वेद और अन्य प्राचीन विज्ञानों की वर्तमान संदर्भ में प्रासंगिकता पर अपने विचार व्यक्त किए।

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सीडीएलयू प्रो . पंकज शर्मा, प्रो. सुरेंद्र सिंह कुंडू तथा डॉ. राकेश कुमार ने बतौर पैनेलिस्ट शिरकत की तथा नई शिक्षा नीति में प्रस्तावित शिक्षण-पद्धति सुधारों और भारतीय ज्ञान परंपरा के एकीकरण पर विस्तृत चर्चा की।


उन्होंने बताया कि एनईपी सारथी द्वारा 28 अगस्त 2025 को चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा में राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 पर एक जागरूकता रैली का भी सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस रैली के माध्यम से विद्यार्थियों और अध्यापकों को नई शिक्षा नीति के उद्देश्यों और उसके प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया। कार्यक्रम का समापन इस आह्वान के साथ हुआ कि भारतीय ज्ञान परंपरा की अमूल्य धरोहर को संरक्षित, प्रोत्साहित और मुख्यधारा की शिक्षा प्रणाली में सम्मिलित किया जाए, ताकि एनईपी-2020 के उद्देश्यों को प्रभावी रूप से साकार किया जा सके। मंच का संचालन डॉ चणप्रीत कौर द्वारा किया गया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिष्ठाता, प्रोफेसर, शोधार्थी और विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और आये हुए मेहमानों का धन्यवाद डॉ मनोज बंसल द्वारा किया गया ।