हरियाणा रोडवेज का फिर होगा दो दिन का चक्का जाम, 5 और 6 सितंबर को आंदोलन पर उतरेंगे रोडवेज कर्मचारी
mahendra india news, new delhi
हरियाणा रोडवेज यूनियनों ने अपनी मांगों को लेकर एक बार फिर प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आज सिरसा डिपो के नाथूसरी चौपटा बस स्टैंड पर हरियाणा की समस्त रोडवेज यूनियनों के सांझा मोर्चा की बैठक हुई जिसमें दो अहम फैसलों पर मुहर लगी है। जिसमें मुख्य रुप से 5 और 6 सिंतबर को रोजवेज बसों का दो दिवसीय चक्का जाम का करने का फैसला है।
इसकी जानकारी देते हुए प्रवक्ता ने बताया कि हरियाणा रोडवेज यूनियनों की तऱफ से आज नाथूसरी चौपटा में सभी पदाधिकारियों ने सर्वसम्मति से फैसला लिया है कि आगामी 26 अगस्त को सभी रोडवेज डिपुओ पर सुबह 10 बजे से 12 बजे तक सांकेतिक प्रदर्शन किया जाएगा और रोडवेज महाप्रबंधकों को मांग पत्र सौंपा जाएगा।
उन्होंने बताया कि रोडवेज कर्मचारियों की मांगे लंबे समय से हैं, जिनको सरकार और परिवहन विभाग बार बार टाल रहा है। कर्मचारियों ने कहा कि उनकी परिचालक के पद का पे ग्रेड बढ़ाया जाए एवं लिपिकों की तरह तीन वेतन वृद्धि प्रदान की जाए। चालक व परिचालकों के खाली पड़े पदों पर नई भर्ती की जाए। तय सीमा में प्रमोशन देने की पॉलिसी बनाई जाए। चालकों को हैवी पे ग्रेड दिया जाए, स्टैंड इंचार्ज का अलग से पद सृजित करके चालकों की प्रमोशन की जाए। सभी प्रकार की भर्ती प्रक्रिया पूर्ण करने वाले 2016 के भर्ती चालकों को नियुक्ति तिथि से पक्का किया जाए। चालक, परिचालक, उप निरीक्षक, निरीक्षक व कर्मशाला के कर्मचारियों को पूर्व की भांति दो अर्जित अवकाश दिए जाएं। कर्मशाला में 2018 में भर्ती हुए कर्मचारियों को तकनीकी पदों पर प्रमोशन दी जाए, सभी कर्मचारियों को पूर्व की भांति कैडर हॉल्ड दिए जाएं। HKRN के तहत लगे परिचालक व हेल्पर एवं पार्ट-2 के तहत लगे दादरी डिपो के 52 हेल्परों को पक्का किया जाए। निजीकरण पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए। योजना के तहत चल रही इलेक्ट्रिक बसों को पूर्ण सरकारीकरण करके परिवहन बेड़े में शामिल किया जाए। घाटे के सीधा किलोमीटर स्कीम की बसों का ठेका रद्द किया जाए।
कर्मचारियों की प्रदेशभर की यूनियनों से आए पदाधिकारियों ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि रोडवेज कर्मचारियों को उनके सहयोग की जरूरत है। उन्होंने कहा कि आम जनता के सहयोग से ही उनकी मांगों को पूरा करवाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि हड़ताल के दौरान आम जनता भी कर्मचारियों का सहयोग करें।
