home page

भगवान कृष्ण की लीलाओं के सुनने से मानव का मन पवित्र हो जाता है: पंडित सुगन शर्मा

 | 
Listening to the tales of Lord Krishna purifies the human mind: Pandit Sugan Sharma

 mahendra india news, new delhi
सिरसा। प्रभात पैलेस में पितृ पक्ष में पितरों कि शांति एवं विश्व कल्याण हेतु श्री बंशीवट कथा समिति द्वारा आयोजित श्री मद्भागवत कथा के पांचवें दिन कथा व्यास पंडित सुगन शर्मा ने भगवान श्री कृष्ण के जन्म उपरांत भगवान कि विभिन्न लीलाओं का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि भगवान कृष्ण के जन्म लेते ही सभी जेल के सैनिक मूर्छित हो जाते हैं और भगवान को वासुदेव जी टोकरे में रखकर यमुना पार कर जाते हैं। स्वयं शेषनाग भगवान का छत्र बन जाते हैं।

पंडित ने "ऊपर शेष नाग कि छैयां " भजन गाकर सबको मंत्रमुग्ध कर दिया। पंडित सुगन शर्मा ने श्रद्धालुओं को भगवान श्री कृष्ण की माखन चोरी लीला का विस्तार से वर्णन करते हुए कहा कि भगवान की लीलाएं पूर्णतया रहस्यमय है। इनका सीधा प्रभाव बुद्धि पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि लीलाओं के सुनने से मानव का मन पवित्र हो जाता है, मन में भक्ति की भावना जागृत होती है। भक्ति करने से मानव का अंतकरण माखन की तरह श्वेत, शुद्ध हो जाता है जिसे भगवान अपने से लगा लेते हैं और मानव का कल्याण हो जाता है।

पंडित जी ने गोपियों के संग श्रीकृष्ण के रास का वर्णन करते हुए कहा कि गोपी का अर्थ शुद्ध आत्मा है और आत्मा का परमात्मा से मिलन को ही रास कहा गया है। उन्होंने कहा कि जब आत्मा का परमात्मा से मिलन हो जाता है तब मानव संसार के सभी झंझटों को तिलांजलि दे देता है और वो परमात्मा की भक्ति में लग जाता है।

WhatsApp Group Join Now

कथा दौरान भगवान श्री कृष्ण का नंदउत्सव मनाया गया। भजनों पर श्रद्धालु झूमते नजर आए। कथा के अंत में श्री बंशीवट कथा समिति के प्रधान इंद्रकुमार चिड़ावेवाला, उपप्रधान सुनील गोयल, सचिव संजय तायल, सहायक उपप्रधान राधेश्याम बंसल, कोषाध्यक्ष रामकुमार जैन, संदीप सोनी, मुनीष शर्मा, संजय गोयल, तरुण बगड़िया, राजेंद्र जिंदल, दयानंद वर्मा, भवानी शंकर, तरुण, दीपक शर्मा, अश्वनी, रामअवतार, राधा सहित शहर के गणमान्य लोगों ने आरती की। अंत में श्रद्धालुओं को प्रसाद भी वितरित किया।