सिरसा के नाथूसरी चौपटा क्षेत्र में ननद-भाभी के रिश्ते वाली दो महिलाओं ने अपनी मर्जी से साथ रहने की बात कही। पुलिस ने दोनों के बयान दर्ज किए
mahendra india news, new delhi
नाथूसरी चौपटा थाना क्षेत्र के एक गांव में रिश्ते में ननद-भाभी लगने वाली दो महिलाएं अपने-अपने घर छोडक़र फतेहाबाद शहर पहुंच गईं। परिजनों ने दोनों को समझाने का प्रयास किया। मगर दोनों ने एक साथ रहने का फैसला लिया है। नाथूसरी चौपटा थाना की एएसआई कौशल्या देवी ने दोनों महिलाओं के बयान दर्ज किया। अपने बयानों में दोनों ने एक साथ रहने की बात कही है। इसी के साथ ही लिव इन रिलेशनशिप के कागज बनवाने की बात कही है। इस पर पुलिस ने दोनों के बयान दर्ज कर छोड़ दिया है। इसके बाद दोनों महिलाएं कहां गई है। इस बारे में पता नहीं चल पाया है।
जानकारी के अनुसार, नाथूसरी चौपटा क्षेत्र के गांव में दोनों के घर आमने-सामने हैं और उनके बीच पिछले करीब एक साल से दोस्ती थी। इनमें एक 18 साल 5 महीने की अविवाहित युवती है, जो कॉलेज में पढ़ाई करती है, जबकि दूसरी महिला उसके चचेरे भाई की पत्नी बताई जा रही है। दोनों के अचानक घर से चले जाने के बाद स्वजनों ने उनकी तलाश शुरू की और पुलिस को इसकी सूचना दी।
बताया जा रहा है कि दोनों महिलाएं फतेहाबाद के एक होटल में ठहरी हुई थीं। वहां वे लिव-इन रिलेशनशिप में रहने के लिए जरूरी कागजात तैयार करवाने की प्रक्रिया में थीं। स्वजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने दोनों को होटल से बरामद किया और सिरसा ले आई। इसके बाद उन्हें वन स्टॉप सेंटर में रखा गया, जहां पुलिस और संबंधित अधिकारियों की मौजूदगी में मामले को लेकर आगे की कार्रवाई की गई।
अपने फैसले पर अड़ी रहीं
मामले में कानूनी सलाहकार के सामने दोनों के बयान दर्ज किए गए। कॉलेज में पढऩे वाली युवती ने अपने बयान में कहा कि वे एक-दूसरे को पसंद करती हैं और अपनी मर्जी से घर छोडक़र गई थीं। युवती ने यह भी स्पष्ट किया कि उनके साथ कोई गलत काम नहीं हुआ है। वहीं, दोनों का कहना है कि वे अपनी इच्छा से साथ रहना चाहती हैं और लिव-इन रिलेशनशिप में रहने के बाद शादी करने का इरादा रखती हैं।
दूसरी ओर, जब परिजनों को इस मामले की जानकारी मिली तो वे वन स्टॉप सेंटर पहुंचे और दोनों को घर लौटने के लिए मनाने की कोशिश की। परिजनों ने उन्हें समझाया और यहां तक कि घर में अलग-अलग रहने का विकल्प भी दिया, ताकि वे परिवार के बीच रह सकें। हालांकि, दोनों महिलाओं ने इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया और अपने फैसले पर कायम रहीं।
बालिग होने का हवाला देकर साथ रहने की इच्छा जताई
कॉलेज में पढ़ाई करने वाली युवती ने स्वजनों के सामने कहा कि वे बालिग हैं और अपने भले-बुरे को समझती हैं। उन्होंने अपनी मर्जी से साथ रहने की इच्छा जताई और साफ कर दिया कि वे फिलहाल घर वापस नहीं जाना चाहतीं। परिजनों ने देर शाम तक उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन दोनों अपनी बात पर अड़ी रहीं। आखिरकार, परिजन वहां से लौट आए।
फिलहाल, इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह है कि दोनों महिलाएं अपनी इच्छा से साथ रहने की बात कह रही हैं, जबकि उनके स्वजन उन्हें घर वापस लाना चाहते हैं। अब पुलिस दोनों के बयानों और लागू कानूनी प्रावधानों के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।
