रोडवेज कर्मचारियों ने दो घंटे प्रदर्शन कर सौंपा ज्ञापन, कर्मचारियों की मांगों व वायदाखिलाफी के विरोध में 5 व 6 सितंबर को होगा चक्का जाम
mahendra india news, new delhi
हरियाणा रोडवेज कर्मचारी सांझा मोर्चा द्वारा पूर्व में घोषित प्रोग्राम के तहत बुधवार को सिरसा डिपो में प्रधान रिछपाल, महासचिव चमन स्वामी, प्रधान पृथ्वी चाहर, प्रधान सुरेंद्र निरानिया,प्रधान अमरजीत, प्रधान अनिल भाटिया, प्रधान राकेश योगी, प्रधान भारतभूषण, प्रधान सतवीर, विकास प्रधान की अध्यक्षता में प्रदर्शन करके महाप्रबंधक को परिवहन मंत्री के नाम ज्ञापन दिया गया। जिसका संचालन सुरेंद्र बैरागी सचिव व सभी डिपो सचिवों ने किया गया। प्रदर्शन में शामिल कर्मचारियों को संबोधित करते हुए मोर्चे के वरिष्ठ सदस्यों ने बताया कि परिवहन मंत्री कर्मचारियों से किए गए वायदे पर अमल नहीं कर रहे हैं।
उन्होंने ने बताया कि 25 जुलाई को परिवहन मंत्री के आवास के घेराव के दौरान मंत्री ने कर्मचारियों के बीच पहुंचकर ज्ञापन लिया था और 15 दिन के भीतर कर्मचारियों की मांगों पर बैठक बुलाने का आश्वासन दिया था। लेकिन तय समय बीत जाने के बाद भी बैठक बुलाने संबंधी पत्र जारी नहीं किया गया है। इससे रोडवेज कर्मचारियों में भारी रोष है। नेताओं ने कहा कि परिवहन मंत्री की वादा खिलाफी के विरोध में आज 26 अगस्त को हरियाणा रोडवेज के सभी डिपो में दो घंटे का विरोध प्रदर्शन किया गया है। आगे उन्होंने कहा कि सरकार यदि कर्मचारियों की मांगों का जल्द समाधान नहीं करती है तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में परिचालकों का पे-ग्रेड बढ़ाना तथा लिपिकों की तर्ज पर तीन वेतन वृद्धि देना, जोखिम वाली ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों को जोखिम भत्ता देना, चालकों का पे-ग्रेड बढ़ाना तथा स्टैंड इंचार्ज का पद सृजित कर पदोन्नति देना शामिल है। इसके अलावा 2016 में भर्ती चालकों को पक्का करने, 2018 में भर्ती कर्मशाला कर्मचारियों को तकनीकी पदों पर पदोन्नति देने तथा ऌङफठ के माध्यम से लगे परिचालकों सहित सभी कर्मचारियों को पक्का करना है। उन्होंने कहा कि घाटे का सौदा साबित हो रही इलेक्ट्रिक बसों की ठेका व्यवस्था को समाप्त किया जाए,
कर्मचारियों को पहले की तरह अर्जित अवकाश का लाभ दिया जाए, कार्यालय सहायकों के पदों में बढ़ोतरी कर लिपिकों की पदोन्न। नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि रोडवेज का कर्मचारी हड़ताल जैसे बड़े आंदोलन करके आम जनता को परेशानी करना नहीं चाहता, लेकिन परिवहन मंत्री कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान की ओर वार्ता बैठक का कदम नहीं बढ़ा रहे हैं। जिससे कर्मचारियों में बहुत रोष है। प्रदेश भर के सभी डिपो में परिवहन मंत्री परिवहन मंत्री की वादा खिलाफी के खिलाफ एवं अपनी मांगे मनवाने के लिए 5 व 6 सितंबर को मजबूरी में राज्य व्यापी हड़ताल करेगा।
