जैव प्रौद्योगिकी विभाग के विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों ने एमडी बायोकोल्स, सिरसा स्थित जैव उर्वरक निर्माण संयंत्र का किया औद्योगिक भ्रमण
mahendra india news, new delhi
चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय, सिरसा के जैव प्रौद्योगिकी विभाग के विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों ने एमडी बायोकोल्स, सिरसा स्थित जैव उर्वरक निर्माण संयंत्र का औद्योगिक भ्रमण किया। भ्रमण का उद्देश्य विद्यार्थियों को जैव उर्वरकों की निर्माण प्रक्रिया तथा जैव प्रौद्योगिकी के औद्योगिक अनुप्रयोगों से व्यावहारिक रूप से परिचित करवाना था।
जैव प्रौद्योगिकी विभाग के अध्यक्ष प्रो. एस.के. गहलावत ने कहा कि औद्योगिक भ्रमण विद्यार्थियों के सैद्धांतिक ज्ञान को व्यावहारिक अनुभव से जोड़ने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। इससे विद्यार्थियों को औद्योगिक कार्यप्रणाली को समझने के साथ-साथ जैव प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में रोजगार और उद्यमिता की संभावनाओं की जानकारी भी मिलती है। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा विद्यार्थियों के कौशल विकास एवं व्यावहारिक ज्ञान को बढ़ावा देने के लिए भविष्य में भी इस प्रकार की शैक्षणिक एवं औद्योगिक गतिविधियों का आयोजन किया जाता रहेगा।
विभाग के प्राध्यापक डॉ. प्रदीप कुमार साध के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने संयंत्र की विभिन्न इकाइयों का अवलोकन किया। इस दौरान उन्हें जैव उर्वरकों के उत्पादन, प्रसंस्करण, गुणवत्ता नियंत्रण तथा कृषि क्षेत्र में उनके उपयोग से संबंधित जानकारी दी गई। संयंत्र के विशेषज्ञों ने जैव उर्वरक निर्माण की विभिन्न अवस्थाओं तथा मृदा की उर्वरता एवं टिकाऊ कृषि में जैव उर्वरकों की भूमिका के बारे में भी विस्तार से बताया। इस शैक्षणिक भ्रमण में विभाग के 15 एमएससी विद्यार्थी और 5 पीएचडी शोधार्थी शामिल हुए।
