home page

4 अक्टूबर, 2025 का मौसम पूर्वानुमान: आज ऐसा रहेगा मौसम

 | 
Weather forecast for October 4, 2025: This is how the weather will be today
mahendra india news, new delhi

मौसम में आज से फिर बदलाव होने वाला है। 4 अक्टूबर 2025 को कई प्रदेशों के अंदर बरसात होने की उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार, 6 अक्टूबर से DELHI-NCR में मौसम का मिजाज बदलने वाला है। इस दौरान तेज बारिश और आंधी-तूफान आने की संभावना है। मौसम विभाग ने इस स्थिति के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया है। यह चेतावनी 7 अक्टूबर तक जारी रहेगी। मौसम विभाग के अनुसार 4 अक्टूबर को आसमान में बादल छाए रहेंगे। इन दिनों बारिश होने की कोई संभावना नहीं है।

वहीं कल यानी शनिवार को UP, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश समेत उत्तर भारत के अधिकांश हिस्सों में बादल छाए रहेंगे। इस दौरान तेज हवाएं और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना भी है। वहीं 6 अक्टूबर से झमाझम बारिश होने के आसार बन रहे हैं।

दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की रेखा अक्षांश 20 डिग्रीउत्तर, देशांतर 69 डिग्री पूर्व- वेरावल, भरूच, उज्जैन, झांसी, शाहजहांपुर से होते हुए अक्षांश 30ए उत्तर, देशांतर 81ए पूर्व तक फैली हुई है।

दक्षिण ओडिशा तट के ऊपर बना गहरा दबाव क्षेत्र रात 11:30 बजे उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए दक्षिण ओडिशा में दाखिल हुआ।

यह आगे उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ा और 3 अक्टूबर की सुबह 5:30 बजे ओडिशा के आंतरिक भागों में एक डिप्रेशन में कमजोर हो गया। अनुमान है कि यह सिस्टम आगे उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए धीरे-धीरे कमजोर होकर 3 अक्टूबर की शाम तक एक वेल-मार्क्ड लो प्रेशर एरिया में तब्दील हो जाएगा।

WhatsApp Group Join Now

उत्तर-पूर्व अरब सागर के ऊपर बना डिप्रेशन 2 अक्टूबर की रात 11:30 बजे पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़कर गहरे डिप्रेशन में तब्दील हुआ। यह 3 अक्टूबर की सुबह 5:30 बजे 21.3ए उत्तर अक्षांश और 67.1ए पूर्व देशांतर के पास स्थित था।

यह सिस्टम आगे पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए पहले लगभग पश्चिम की ओर और बाद में पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम दिशा में बढ़ सकता है तथा अगले 24 घंटों में एक गंभीर चक्रवाती तूफान (स्द्ग1द्गह्म्द्ग ष्ट4ष्द्यशठ्ठद्बष् स्ह्लशह्म्द्व) में बदलने की संभावना है।

एक चक्रवाती परिसंचरण उत्तर प्रदेश के मध्य भाग में सक्रिय है। दूसरा चक्रवाती परिसंचरण उत्तर-पश्चिम राजस्थान और इससे सटे क्षेत्रों में बना हुआ है। एक और चक्रवाती परिसंचरण अरुणाचल प्रदेश पर स्थित है। एक नया पश्चिमी विक्षोभ 4 अक्टूबर से उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है।