सूर्य ग्रहण 2026: कब लगेगा अगला सूर्या ग्रहण, खगोल विज्ञान के इतिहास में ये दिन होगा सबसे खास
सूर्या ग्रहण को लेकर बड़ी खबर सामने आ रही है। जिसका अभी से लोग इंतजार करने लगे हैं। इस इतिहास रचने वाला यह दिन सबसे खास माना जाएगा। इतिहास में खगोल विज्ञान में 2 अगस्त 2027 का दिन बहुत ही खास होने वाला है, क्योंकि इस दिन इस सदी का सबसे लंबा पूर्ण सूर्य ग्रहण लगेगा। वैज्ञानिकों और खगोल प्रेमियों के लिए यह एक अद्भुत मौका होगा, इसे ‘शताब्दी का सबसे लंबा सूर्य ग्रहण’ माना जा रहा है।
बतायाा जा रहा है कि आमतौर पर पूर्ण सूर्य ग्रहण की अवधि केवल 2 से 3 मिनट की होती है, लेकिन इस बार यह खगोलीय घटना लगभग 6 मिनट 23 सेकंड तक चलेगी। इस सूर्य ग्रहण की इतनी लंबी अवधि का मुख्य कारण पृथ्वी और चंद्रमा के बीच की सापेक्ष दूरी है। उस वक्त चंद्रमा पृथ्वी के काफी करीब होगा, जिसके कारण वह सूर्य को पूरी तरह से ढकने में सामान्य से अधिक वक्त लेगा। यह दुर्लभ दृश्य विश्व के कई हिस्सों में दिखाई देगा, इससे लोग प्रकृति के इस अनोखे चमत्कार का अनुभव कर सकेंगे।
बताया जा रहा है कि भौगोलिक दृष्टि से यह ग्रहण एक संकरी पट्टी के रूप में अटलांटिक महासागर से शुरू होकर जिब्राल्टर की खाड़ी, उत्तरी अफ्रीका, मध्य पूर्व और यूरोप के कुछ हिस्सों से गुजरेगा। मुख्य रूप से दक्षिण स्पेन, मोरक्को, अल्जीरिया, लीबिया और मिस्र जैसे देशों में रहने वाले व्यक्ति पूर्ण सूर्य ग्रहण का दीदार कर पाएंगे। इन क्षेत्रों के बाहर रहने वाले व्यक्तियों को केवल आंशिक सूर्य ग्रहण ही दिखाई देगा।
खगोल विज्ञान विशेषज्ञों ने इस घटना को देखते वक्त सुरक्षा बरतने की सख्त सलाह दी है। सूर्य ग्रहण को कभी भी नंगी आंखों से नहीं देखना चाहिए, क्योंकि इससे आंखों को स्थायी नुकसान पहुंच सकता है। इस अद्भुत नजारे का सुरक्षित आनंद लेने के लिए हमेशा सोलर व्यूइंग ग्लासेस या विशेष टेलिस्कोप का ही उपयोग करें।
